शराब में जहर मिलाकर दोस्तों ने एक युवक को पिला दी। युवक की हालत खराब हुई तो आरोप वहां से भाग निकले। लड़खड़ाते हुए युवक घर पहुंचा और बेहोश हो गया। परिजनों ने उसेे निजी अस्पताल में भर्ती कराया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
ब्रह्मपुरी थाना क्षेत्र के गौतमनगर मोहल्ला निवासी जितेंद्र कुमार (28) पुत्र जगपाल मैकेनिक था। वह टीपीनगर में पुनीत गुप्ता की पत्थर काटने के ब्लेड बनाने की फैक्ट्री में काम करता था। बुधवार रात करीब 10 बजे जितेंद्र को उसके दोस्त पीयूष, मूलचंद और कुलदीप निवासी गौतमनगर घर से बुलाकर ले गए। दोस्तों ने जितेंद्र को जमकर शराब पिलाई। रात करीब 12 बजे जितेंद्र की हालत खराब हुई तो वह अपने घर पहुंचा। जितेंद्र ने अपनी पत्नी चांदनी को बताया कि उसके दोस्तों ने शराब में जहर मिलाकर पिला दिया। हालत गंभीर होते देख जितेंद्र के छोटे भाई राहुल और प्रिंस ने उसको दीप नर्सिंग होम में भर्ती कराया, जहां से उसेे केएमसी हॉस्पिटल में रैफर कर दिया। रात करीब तीन बजे जितेंद्र ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। परिजनों ने हंगामा किया तो ब्रह्मपुरी थाना पुलिस मौके पर पहुंची और उनको शांत किया।
हत्या का केस दर्ज
इंस्पेक्टर ब्रह्मपुरी दीपक शर्मा के मुताबिक परिजनों की तहरीर पर बृहस्पतिवार रात आरोपी पीयूष, मूलचंद और कुलदीप के खिलाफ हत्या का केस दर्ज किया। जिसमें पीयूष और मूलचंद को गिरफ्तार कर लिया है। जबकि कुलदीप फरार है। पुलिस ने बताया पोस्टमार्टम के बाद बिसरा सुरक्षित रखा गया। जिसको आगरा फोरेंसिक लैब भेजा है, जिसकी रिपोर्ट आने के बाद मौत का कारण स्पष्ट होगा।
फैक्ट्री से निकालने का बदला लिया
राहुल ने बताया कि उसका भाई जितेंद्र फैक्ट्री में सीनियर मैकेनिक था। मूलचंद समेत तीन लोग उसके अंडर में काम करते थे। मूलचंद शातिर है, जिसकी कार्यशैली देखकर जितेंद्र ने कुछ दिन पूर्व उसको फैक्ट्री से निकला दिया। इसको लेकर मूलचंद जितेंद्र से रंजिश रखने लगा था। यही वजह थी कि मूलचंद ने अपने दोस्तों संग जितेंद्र की हत्या की है।
चांदनी मुझे बचा ले
घर पहुंचकर जितेंद्र बार-बार अपनी पत्नी से कह रहा था चांदनी मुझे बचा ले। मै मर गया तो मेरी डेढ़ साल की बेटी कनक का क्या होगा। मूलचंद ने धोखे से उसको जहर दे दिया है। शुरुआत में लोग शराब पीकर जितेंद्र द्वारा ड्रामा करना समझ रहे थे। लेकिन उसके बेहोश होने पर परिजन और आसपास के लोग भी घबरा गए और उसे अस्पताल में भर्ती कराया।