परतापुर थाना क्षेत्र के गेझा गांव में रेत से भरे ट्रक ने बाइक सवार युवक को कुचल दिया। जबकि उसका छोटा भाई गंभीर रूप से घायल हो गया। गुस्साए ग्रामीणों ने ट्रक में तोड़फोड़ करते हुए सिवाल-मोहिउद्दीनपुर मार्ग करीब चार घंटे जाम रखा।
गेझा निवासी सुभाष (38) पुत्र चंदर छोटे भाई बिट्टू (23) के साथ गाजियाबाद की एक फैक्ट्री में काम करता था। सोमवार सुबह सात बजे दोनो भाई बाइक से गाजियाबाद जा रहे थे। मोहिउद्दीनपुर-सिवाल मार्ग पर रेत से भरे ट्रक ने उनकी बाइक में टक्कर मार दी। ट्रक ने सुभाष को कुचल दिया, जिसकी मौके पर ही मौत हो गई। चालक ट्रक छोड़कर फरार हो गया। ग्रामीणों ने घायल बिट्टू को मोदीनगर के निजी अस्पताल में भर्ती कराया।
सूचना मिलते ही सुभाष के परिजन और सैकड़ों ग्रामीण लाठी-डंडे लेकर पहुंच गए। उन्होंने ट्रक में तोड़फोड़ कर सुभाष के शव को मोहिउद्दीनपुर-सिवाल मार्ग पर रखकर जाम लगा दिया। परतापुर पुलिस ने शव कब्जे में लेने का प्रयास किया तो ग्रामीणों ने पुलिस की मिलीभगत से अवैध खनन के आरोप लगाए। ग्रामीण डीएम और एसएसपी को मौके पर बुलाने, मृतक परिवार को 10 लाख मुआवजा और सरकारी नौकरी देने की मांग पर अड़ गए। पुलिस ने उनकी मांगों को अफसरों तक पहुंचाने का भरोसा देकर मशक्कत के बाद सुबह 11 बजे जाम खुलवाया।
सुभाष को जिंदा ला दो, खोल देंगे जाम
पुलिस ने ट्रक चालक की जल्द गिरफ्तारी का आश्वासन देकर जाम खोलने को कहा तो ग्रामीणों ने गुस्से में कहा कि सुभाष को जिंदा ला दो, जाम खोल देंगे। जब तक अवैध खनन नहीं रुकेगा, ये घटनाएं भी नहीं रुकेंगी। आज सुभाष गया है तो कल कोई दूसरा शिकार बनेगा।
सब पुलिस की सेटिंग
ग्रामीणोें का कहना था कि सिवाल की ओर से रोजाना रात को रेत से भरे ओवरलोड ट्रक गुजरते हैं। इनके डर से ग्रामीण घर के बाहर भी नहीं सोते। पता नहीं कब ये ट्रक किसको कुचल जाएं। बागपत से मेरठ, गाजियाबाद और दिल्ली की ओर भी इसी रास्ते से रेत से भरे ओवरलोड ट्रक निकलते हैं। ये सब पुलिस की सेटिंग से चल रहा है ।
घर में कोहराम मचा
सुभाष के परिवार में पत्नी के अलावा बेटा टोनी (16) अरुण (14) और आरती (8 ) हैं। पिता की पहले ही मौत हो चुकी है। घटना के बाद परिवार में कोहराम मचा था। गांव के लोग सांत्वना देने पहुंच रहे थे।