मेरठ। कांवड़ यात्रा के दौरान आतंकी इनपुट के चलते ऐतिहासिक औघड़नाथ मंदिर में सुरक्षा के अभेद इंतजाम होंगे। मंदिर परिसर में एटीएस और केंद्रीय पैरा मिलिट्री फोर्स (सीपीएमएफ) का पहरा रहेगा। पूरे मेला क्षेत्र में सीसीटीवी कैमरों से निगहबानी होगी। सेना भी पूरी सतर्कता बरतेगी।
श्रावण मास की कांवड़ यात्रा के दौरान आस्था के प्रमुख केंद्र बाबा औघड़नाथ मंदिर में जलाभिषेक के लिए शिवभक्तों का सैलाब उमड़ता है। यहां करीब 10 लाख से ज्यादा कांवड़िये और शहरवासी जलाभिषेक करते हैं। जिसके चलते पुलिस प्रशासन का फोकस औघड़नाथ मंदिर पर रहता है। कांवड़ सेल के प्रभारी एसपी सिटी रणविजय सिंह के अनुसार शिवरात्रि से तीन दिन पूर्व ही पूरे मंदिर परिसर को पुलिस प्रशासन सुरक्षा घेरे में ले लेगा। यहां पुलिस और पैरामिलिट्री फोर्स तैनात होगी। सेना भी अपने स्तर से सुरक्षा व्यवस्था में सहयोग देगी।
तीन दिन पूर्व ही खुफिया इकाइयां, एंटी टेरेरिस्ट स्क्वायड (एटीएस), स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) और बम निरोधक दस्ता यहां डेरा डाल देगा। 7 अगस्त से मंदिर परिसर की बम निरोधक दस्ता और डॉग स्क्वायड की मदद से परिसर की सघन तलाशी होगी। मंदिर परिसर में 50-50 महिला और पुरुष पुलिसकर्मी कांवड़ियों के वेश में तैनात रहेंगे।
16 सीसीटीवी कैमरों से निगरानी
मंदिर के अंदर 16 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। मुख्य द्वारों के अलावा गर्भ गृह, प्रवेश और निकासी द्वार आदि सभी स्थान कवर किए गए हैं। मंदिर समिति के अध्यक्ष डॉ. महेश बंसल के अनुसार सभी कैमरे चेक करा लिए हैं।
जोन और सेक्टर में बांटा शहर
मेरठ। कांवड़ यात्रा में आरएएफ और पीएसी के बाद बुधवार को एक कंपनी एसएसबी भी मिल गई। वहीं, आज से शहर में पैरामिलिट्री का मूवमेंट बढ़ जाएगा। एसपी सिटी के अनुसार पांच कंपनी पीएसी, एक कंपनी आरएएफ, एक कंपनी एसएसबी, सात एएसपी, 12 सीओ, थाना प्रभारी, तीन टीआई, दस टीएसआई, और जिले से से 2500 पुलिसकर्मियों की ड्यूटी लगाई गई है। एटीएस की टीम अलग-अलग स्थानों पर मूवमेंट में रहेगी। एसपी ट्रैफिक संजीव वाजपेयी के अनुसार कांवड़ मार्ग पर सभी कट वाले स्थानों पर बैरियर लगाए जाएंगे
खास बातें:
आतंकी इनपुट के चलते कड़े सुरक्षा घेरे में रहेगा औघड़नाथ मंदिर
मंदिर परिसर और मेला क्षेत्र में सीसीटीवी कैमरों से होगी निगरानी