मेरठ। डॉ. सत्यप्रकाश के क्लीनिक पर हुए बखेड़े और चिकित्सक से थाने में दुर्व्यवहार करने के मामले में मंगलवार को आईएमए भवन में पुलिस व आईएमए के पदाधिकारियों ने गंभीर विचार किया। जिसमें एसओ मेडिकल मोहम्मद असलम द्वारा सार्वजनिक रूप से माफी मांगते हुए भविष्य में इसकी पुनरावृत्ति न होने का आश्वासन दिया गया। इसके बाद आईएमए ने भी आंदोलन वापस लेने की घोषणा कर दी।
इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (आईएमए) ने इस प्रकरण को लेकर चेतावनी दी थी कि यदि 24 घंटे में कोई सकारात्मक परिणाम नहीं सामने आता है तो आईएमए उत्तर प्रदेश में हड़ताल करेगा। हड़ताल की चेतावनी का ई-मेल भी एसएसपी को भेज दिया गया था। मंगलवार को आईएमए पदाधिकारियों को एडीजी जोन आनंद कुमार से मुलाकात करनी थी।
इस बीच एसओ मेडिकल ने चिकित्सक के साथ दुर्व्यवहार पर आइएमए हॉल में सार्वजनिक रूप से खेद जताया। आईएमए अध्यक्ष डॉ. वीरोत्तम तोमर ने सभी चिकित्सकों, एडीजी जोन, एसएसपी जे. रविंदर गौड का धन्यवाद किया। साथ ही पुलिस और चिकित्सकों को समाज का सबसे मजबूत स्तंभ बताया। आईएमए सचिव डॉ. रेनू भगत ने सभी का आभार दिया। इस दौरान सीओ सिविल लाइन जीपी सिंह, डॉ. नीरज कांबोज, डॉ. राजीव अग्रवाल, डॉ. एसएमशर्मा, डॉ. रीता जैन, डॉ. विनीत नंदा, डॉ. शिशिर जैन प्रमुख रूप से मौजूद रहे।
खास बात
- डॉ. सत्यप्रकाश के क्लीनिक पर हुए बखेड़े का मामला
- आईएमए हॉल में एसओ मेडिकल ने मांगी सार्वजनिक रूप से माफी