दस माह पुराना मामला, अश्लील हरकत करने का भी आरोप
नामजद पुलिसकर्मियों को जांच अधिकारी कमिश्नर ने किया तलब
खरखौदा।
करीब दस माह पूर्व थाने में महिला सिपाहियों के साथ मारपीट के मामले में थाना पुलिस ने एक महिला के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की थी। बाद में आरोपी महिला नेे पुलिस पर बंद कमरे में मारपीट, अश्लील हरकत और लूटपाट का आरोप लगाया था। महिला में एससीएसटी आयोग के माध्यम से तत्कालीन इंस्पेक्टर सहित 15 पुलिस कर्मियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। आयोग ने मामले की जांच कमिश्नर को सौंपी है। कमिश्नर ने बुधवार को सभी आरोपियों को तलब किया।
करीब 10 माह पूर्व थाने पहुंची मेरठ शास्त्रीनगर निवासी सरोज ने गांव अल्लीपुर निवासी सोनू पर अपना पैसा बताते हुए पैसा दिलवाने की मांग की थी। पुलिस ने सोनू को थाने बुलाकर दोनों को समझौता करने के लिए मौका दिया था। इसी दौरान कहासुनी होने पर सरोज ने सोनू को चप्पलों से पीट दिया। थाने पर मौजूद महिला सिपाहियों ने महिला का विरोध किया तो सरोज ने महिला सिपाहियों के साथ भी मारपीट कर दी। पुलिस ने सरोज के खिलाफ सरकारी काम में बाधा डालने सहित कई गंभीर धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर जेल भेज दिया।
जेल जाते वक्त सरोज ने पुलिस पर बंद कमरे में पिटाई, अश्लील हरकत व लूटपाट करने का आरोप लगाया था। घायल होने पर सरोज को नोएडा के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया था। बाद में महिला ने एससीएसटी आयोग में शरण ली। आयोग के आदेश पर तत्कालीन इंस्पेक्टर संदीप कुमार सिंह सहित 15 पुलिस कर्मियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। सूत्रों का कहना है कि पुलिस ने इस मामले में एफआर लगा दी है। इस पर पीड़िता ने दोबारा आयोग में शरण ली। इस बार आयोग ने मेरठ कमिश्नर को मामले में जांच सौंपी है। इस पर कमिश्नर ने तत्कालीन सीओ किठौर संतोष कुमार, तत्कालीन इंस्पेक्टर संदीप कुमार सिंह, दरोगा करतार सिंह, महिला की मेडिकल जांच करने वाले चिकित्सक, सोनू सहित कई लोगों को तलब किया है।