अमर उजाला ब्यूरो
सरधना/मेरठ।
खेड़ा गांव से तीन वर्षीय मासूम का अपहरण कर लिया गया। शुक्रवार शाम घर के बाहर से बच्चा लापता हुआ तो परिजनों के साथ ग्रामीणों ने भी तलाश की। शनिवार को भाजपा विधायक ने एसएसपी से बात कर बच्चे की बरामदगी की मांग। इस पर एसपी देहात फोर्स के साथ गांव में पहुंचे और दिनभर गांव व जंगलों में तलाश की, लेकिन बच्चे का कोई सुराग नहीं लगा।
आभाष उर्फ गोलू (3) शुक्रवार शाम करीब साढे़ पांच बजे घर के बाहर खेल रहा था। इस बीच वह लापता हो गया। रात में ही आभाष के ताऊ शिवकुमार की तहरीर पर सरधना थाने में अपहरण का मुकदमा दर्ज कर लिया गया। गोलू के पिता अंकित फौजी हैं और उनकी तैनाती जम्मू के कुपवाड़ा में है। सूचना पर शनिवार सुबह वह भी गांव पहुंच गए। वहीं बच्चे के अपहरण की जानकारी पर विधायक संगीत सोम ने एसएसपी मंजिल सैनी व अन्य अधिकारियों से बात कर बच्चे को सकुशल बरामद कराने की मांग की। इस पर पुलिस फोर्स, डॉग स्क्वाएड और क्राइम ब्रांच की टीम व गोताखोर गांव पहुंच गए। एसपी देहात राजेश कुमार, सीओ सरधना भी पहुंचे और जानकारी ली।
एक बच्चा बुढ़ाना में मिला
शनिवार को एक ढाई वर्षीय बच्चे के बुढ़ाना के अटाली गांव में मिलने की सूचना मिली। इस पर मुल्हैड़ा चौकी प्रभारी व खेड़ा के ग्रामीणों को अटाली गए तो पता चला कि बच्चा वहीं के गांव का है। रात तक सीओ और एसओ अलग-अलग टीम के साथ गांव में बच्चे की तलाश में लगे थे।
इकलौता है गोलू
खेड़ा निवासी अंकित चार भाइयों में सबसे छोटा हैं। बड़े भाई मामचंद, शिवकुुमार और ओमबीर खेती करते हैं। अंकित के परिवार में पत्नी नीलम व एक चार वर्षीय बेटी अवनी और तीन वर्षीय बेटा आभाष उर्फ गोलू हैं। शिवकुमार ने बताया कि आभाष जूते पहनकर पूजा के दौरान उसके पास पहुंचा तो उसने नीलम को आभाष को वहां से ले जाने की बात कही। इस पर नीलम उसे वहां से ले गई। इसके बाद शाम करीब छह बजे आभाष घर में दिखाई नहीं दिया तो उसकी तलाश शुरू की गई।
खास बात
शुक्रवार शाम साढ़े पांच बजे घर के बाहर से लापता हुआ फौजी का तीन साल का बेटा
दिनभर पुलिस की आधा दर्जन टीमों ने गांव के जंगलों में की तलाश