अमर उजाला ब्यूरो
बहसूमा/मेरठ।
रामराज में बृहस्पतिवार को हत्या के आरोपी की तलाश में दबिश देने गई मीरापुर पुलिस को लोगों ने दौड़ा दिया। लोगों ने पुलिस पर पथराव कर हाथापाई तक कर दी। पुलिस ने जैसे तैसे भीड़ से बचकर जान बचाई।
बृहस्पतिवार सुबह मीरापुर पुलिस दो गाड़ियों में सवार होकर बिना थाने में आमद दर्ज कराये वांछित चल रहे हत्या के आरोपी शहजाद को गिरफ्तार करने के लिए मोहल्ला कलंदर वाली बस्ती में दबिश देने पहुंची। इस दौरान लोगों ने हंगामा शुरू कर दिया। महिलाएं पुलिस की गाड़ियों के आगे लेट गईं। इस बीच महिलाओं ने गाली गलौज कर पुलिस के साथ मारपीट कर दी। पुलिस जान बचाकर गाड़ी की तरफ दौड़ी तो पीछे से भीड़ ने पथराव कर दिया। एक सिपाही के सिर में पत्थर लगने से बाल-बाल बचा। भीड़ लाठी डंडे लेकर पहुंची तो एक दर्जन पुलिस कर्मियों ने भागकर जान बचाई। सूचना पर पहुंचे बहसूमा एसओ राजेंद्र ओजस्वी ने मामले की जानकारी ली। उन्होंने बताया कि पुलिस ने आरोपी की तलाश में दबिश दी, लेकिन वह फरार हो चुका था। पुलिस ने मारपीट और पथराव करने वालों की भी तलाश की, लेकिन वह हत्थे नहीं चढ़े।
पहले भी हो चुकी है मारपीट
एक सप्ताह पहले उत्तराखंड की पुलिस के साथ मारपीट हुई थी। इससे पहले बरेली पुलिस के साथ हुई मारपीट में दरोगा के दांत टूट गए थे। रामराज की कंलदर वाली बस्ती मेें बरेली पुलिस, मुरादाबाद पुलिस, उत्तराखंड की पुलिस के साथ कई बार मारपीट हो चुकी है। इस संबंध में एसओ राजेंद्र सिंह ओजस्वी का कहना है कि स्थानीय थाने में आमद दर्ज कराकर ही दबिश देने चाहिए थी। यदि थाना पुलिस साथ होती तो आरोपी पकड़ा जा सकता था।
मुख्य बातें
मीरापुर पुलिस ने दी थी हत्या के आरोपी की तलाश में दबिश
महिलाओं ने की मारपीट, पुलिस भागी तो लोगों ने किया पथराव