मेरठ। पश्चिमी उत्तर प्रदेश में अवैध हथियारों की ऑनलाइन सप्लाई का धंधा चल रहा है। ऑनडिमांड पिस्टल और रिवाल्वर आती हैं। मुंगेर तक आरोपियों का नेटवर्क फैला है। इसका खुलासा बुधवार दोपहर गिरफ्तार आरोपी सन्नी ने किया है। यह गिरोह 30-50 हजार रुपये में पिस्टल बेचता था।
एसपी क्राइम शिवराम यादव और एएसपी कैंट सतपाल सिंह ने बुधवार को आरोपी सन्नी उर्फ सुहेल निवासी हुमायूं नगर खरखौदा को मीडिया के सामने पेश किया। एसपी क्राइम ने बताया कि आरोपी सन्नी के साथ तीन लोग हथियारों की सप्लाई करते हैं। जिसमें माफे नाम की महिला भी शामिल हैं। यह महिला फिलहाल सऊदी अरब जाना बतायी गई।
व्हाट्स एप ग्रुप पर खरीद फरोख्त
एएसपी सतपाल सिंह ने बताया है कि सन्नी के पास एक मोबाइल फोन बरामद हुआ। जिससे उसने व्हाट्सएप ग्रुप बनाया हुआ था। इस ग्रुप में वह पिस्टलों के फोटो भेजता था। ऑन डिमांड पिस्टल की खरीद फरोख्त का धंधा चल रहा था। इस ग्रुप में कौन-कौन जुड़े हैं, इसकी पुलिस अभी जांच कर रही है। दावा कि आरोपियों का बड़ा नेटवर्क है। जोकि मुंगेर से पिस्टल मंगाकर मेरठ, सहारनपुर, शामली और मुजफ्फरनगर समेत कई जनपदों में सप्लाई करते हैं।
तीन-चार गुना मुनाफा
पुलिस अफसरों का दावा है कि इस गिरोह को मुंगेर से दस हजार रुपये में पिस्टल मिलती है। जिसको वह 30 से 50 हजार रुपये तक बेचते हैं। पिस्टल खरीदने से लेकर सप्लाई करने की जिम्मेदारी अलग-अलग लोगों को है। वेस्ट यूपी के कई जनपदों में ठेलों पर हथियार बेचे जाते हैं।
दिल्ली में पकड़ा था गैंग
दिल्ली में हथियारों की खेप पकड़ी गई थी। जिसमें आरोपियों ने मेरठ समेत कई जिले में हथियार सप्लाई करने की बात बताई थी। उसके बाद मेरठ पुलिस एक्टिव हुई। क्राइम ब्रांच प्रभारी जयवीर सिंह टीम के साथ लगे। लिसाड़ी गेट, कोतवाली और खरखौदा में कई जगहों पर दबिश दी। एक दर्जन से अधिक लोगों से पूछताछ की।