विजिलेंस जांच में फंसा है पुल, दो दिन में बनने लगेगी एप्रोच रोड
मेरठ। नाव हादसे के बाद लोक निर्माण विभाग के मुख्य अभियंता राजीव कुमार ने अधिकारियों को एप्रोच रोड़ का निर्माण शुरू करने के निर्देश दिए हैं। अगले दो दिन में 60 मीटर एप्रोच रोड़ का निर्माण शुरू करा दिया जाएगा। इस एप्रोच रोड़ को बनने में एक महीना लग जाएगा। इससे पहले बारिश और विजिलेंस जांच में ही पुल का निर्माण उलझा रहा। हस्तिनापुर से चांदपुर को जोड़ने वाले मार्ग की विजिलेंस जांच चल रही है।
साल 2008 से लेकर अभी तक तीन बार पुल के निर्माण का बजट तय किया गया। पहली बार पांच करोड़ 61 लाख 62 हजार, दूसरी बार आठ करोड़ और तीसरी बार 129 करोड़ रुपये बताया गया। इसके बाद ही मुख्यमंत्री कार्यालय से सतर्कता जांच करने के निर्देश दिए गए थे। इसमें साल 2021 में सतर्कता जांच के लिए बरेली के मुख्य अभियंता देवेंद्र कुमार मिश्र को जिम्मेदारी दी गई थी। तेज बहाव के कारण 28 जुुलाई को पुल की एप्रोच रोड़ बहने के बाद लोक निर्माण विभाग जलस्तर घटने और बारिश रुकने का इंतजार करता रहा। जबकि दस सितंबर को पुल की मरम्मत के लिए पांच करोड़ रुपये का शासनादेश भी जारी कर दिया गया था।
बारिश के कारण पुल की एप्रोच रोड़ का कार्य नहीं हो सका था। अब जल्द कार्य शुरू करेंगे। हालांकि, अभी भी पुल की एप्रोच रोड को तेज बहाव से रोकने के लिए गाइडबंध बनाने जरूरी हैं। यह तब बनेंगे जब शासन से बजट मिल पाएगा - राजीव कुमार, मुख्य अभियंता, लोक निर्माण विभाग