आनंदपुरी जैन मंदिर में भक्तामर विधान।
मेरठ। दिगंबर जैन मंदिर आनंदपुरी में भक्तामर विधान हुआ। सर्वप्रथम इंद्रों द्वारा शांतिनाथ कर भगवान को पांडुक शिला पर विराजमान किया गया। अभिषेक, शांतिधारा का सौभाग्य सुनील जैन प्रवक्ता व अनंत वीर जैन को प्राप्त हुआ। श्रीदेव शास्त्र, महावीर भगवान, पारसनाथ भगवान की पूजा की गई। प्रवक्ता सुनील कुमार जैन ने भक्तामर विधान किया। मांडले पर 48 वर्ग चढ़ाए गए। हवन में 1100 मंत्रों की आहुति दी गई। सभी धार्मिक क्रियाएं अरुण जैन ने कराई। इस अवसर पर सतेंद्र जैन, राजीव जैन, विनय जेन, अनंतवीर जेन, चैतन्य जैन, प्रभात जैन रहे। ब्यूरो