गूगल पे के जरिये ठगे एक लाख
मेरठ। साइबर अपराधियों ने ऑनलाइन व्हीकल बुकिंग की आड़ में एक युवक को एक लाख का चूना लगा दिया। पीड़ित ने साइबर सेल में शिकायत दर्ज कराई है।
अछरौंडा परतापुर निवासी प्रभात रघुवंशी ने बताया कि वह एक वाहन कंपनी के शोरूम में सेल्स एग्जीक्यूटिव है। सोमवार को वह ड्यूटी पर था। तभी उसके मोबाइल फोन पर किसी शख्स ने कॉल की। कॉल करने वाले ने खुद की पहचान गंगानगर मेरठ निवासी जम्मू में तैनात सैन्यकर्मी अमन कुमार के रूप में कराई। कहा कि वह एक दुपहिया वाहन बुक करना चाहता है। अगर वह अपना एकाउंट नंबर उसे बता दें तो वह पांच हजार रुपये एडवांस ट्रांसफर कर देगा। 20 तारीख को मेरठ आकर वह बाइक की डिलीवरी ले लेगा। उसने अपना कैंटीन कार्ड व पेन कार्ड आईडी के रूप में सेंड किया। प्रभात का कहना है कि बाद में गूगल-पे के जरिये पांच हजार रुपये ट्रांसफर करने की बात तय हुई। इसी बीच उनके पास मेसेज आया, जिसे रिसीव करना था। प्रभात ने बताया कि जैसे ही उसने मेसेज रिसीव किया, उसके पांच हजार रुपये डेबिट हो गए। उसने दोबारा फोन पर बात की तो अमन ने फिर मेसेज भेजने के लिए कहा। इसी तरह पांच बार के ट्राजेंक्शन में उसने 40 हजार रुपये रिसीव कर लिए। इसके बाद भी वह फोन पर बात करता रहा। दोबारा फोन करने पर उसने नए सॉफ्टवेयर के जरिये रुपये लौटाने की बात कही। लेकिन इस बार भी उसने एकाउंट से पैसे ट्रांसफर कर लिये। ठगी होने के बाद वह थाने पहुंचा तो वहां से उसे साइबर सेल का रास्ता दिखा दिया गया। साइबर सेल से शिकायत के लिए एकाउंट डिटेल्स की जरूरत थी। वह बैंक पहुंचा और पूरा विवरण लेकर साइबर सेल पहुंचा। प्रभात रघुवंशी ने बताया कि उसके खाते से 101,994 डेबिट किए गए हैं। आखिरी दो ट्रांजेक्शन 39996 और 21998 रुपये दर्शाई गई हैं। साइबर सेल प्रभारी अरुण वर्मा ने बताया कि पीड़ित की तहरीर पर तफ्तीश की जा रही है।