विधायक की इंस्पेक्टर को धमकी, बलिया भिजवा दूंगा
मवाना/मेरठ। हस्तिनापुर विधायक दिनेश खटीक का इंस्पेक्टर मवाना एमपी सिंह को धमकाते हुए एक ऑडियो वायरल हो रहा है। विधायक थाना प्रभारी को चेतावनी दे रहे हैं कि आज की तारीख नोट कर लो। तुम्हारा तबादला बलिया करा दूंगा। वहीं, थाना प्रभारी कह रहे हैं कि नौकरी करनी है तो बलिया में भी कर लेंगे। हालांकि बाद में इंस्पेक्टर ने हथियार डालकर कहा कि नाराज न हों। जीडी साफ कर दूंगा। इसके बाद विधायक यह कहकर कॉल काट देते हैं तुम जानो तुम्हें क्या करना है।
सत्ताधारियों का पुलिस कार्रवाई में कितना ज्यादा दखल है, विधायक हस्तिनापुर और इंस्पेक्टर मवाना के मध्य वार्ता की यह वायरल ऑडियो क्लिप इसे फिर साबित कर रही है। मामला 2-3 दिन पुराना बताया जा रहा है। ऑडियो में विधायक की कॉल इंस्पेक्टर के मोबाइल पर आती है। वे इंस्पेक्टर से पूछते हैं कि क्या हुआ उसका, रात जो कहा था उसे छोड़ने को। जिस पर इंस्पेक्टर जवाब देते हैं कि मामला धारा 377 (अप्राकृतिक कृत्य) में न कर धारा 151 (शांति भंग) में कर दिया है। इतना निभाना पडे़गा, मजबूरी है। इन्हें एसडीएम के यहां से छुड़वा देंगे। महिला बहुत परेशान कर रही है। उसके साथ गलत हुआ है वैसे। इस पर विधायक नाराजगी में कहते हैं कि ऐसा है, आप आज नोट कर लो, तुम्हें बलिया नहीं पहुंचवाया तो मेरा नाम बदल देना। नहीं कराया तो राजनीति छोड़ देंगे। जिस पर इंस्पेक्टर कहते हैं कि हमें तो नौकरी करनी है विधायक जी। बलिया में भी कोई तो नौकरी कर ही रहा होगा। शांति भंग में करके मैंने क्या गुनाह कर दिया।
क्लिप के अनुसार विधायक कहते हैं कि यदि तुम्हें अपनी मर्जी चलानी है। तुम सोच रहे हो कि जिले के एक दो नेता तुम्हें बचाकर जिले में ही इधर-उधर करा देंगे। अब तुम्हारा ट्रांसफर मैं कराकर लाऊंगा। इस पर इंस्पेक्टर कहते हैं, आप नाराज न हों। महिला बहुत दुखी थी वाकई में। उसके साथ गलत हुआ है। इस पर विधायक कहते हैं कि गलत काम कुछ नहीं हुआ था। पति-पत्नि का झगड़ा है। पैसे तुमने ले लिए। जिस पर इंस्पेक्टर कहते हैं कि ईश्वर कसम, अपनी औलाद की कसम, मैं पैसे नहीं लेता हूं। यदि आप इसे साबित कर दें तो नौकरी छोड़ दूंगा। आपको किसी ने गलत बताया है। विधायक कहते हैं कि आज के बाद तुम्हें फोन नहीं करूंगा। तुम खुद कहोगे कि मेरे साथ क्या कर दिया। इसके बाद इंस्पेक्टर कहते हैं कि यदि जिद्द वाली बात तो चलो जीडी को भी साफ कर दूंगा। विधायक कहते हैं कि इसमें जिद्द वाली क्या बात है जो हम कह रहे हैं तुम उसका उल्टा कर रहे हो। आगे के लिए समझ लेना। जिस पर इंस्पेक्टर कहते हैं इसमें किसी को भेजो तो सही जो जिम्मेदारी के साथ निपटारा तो कर दे।
दरअसल मामला पति पत्नी के विवाद का बताया गया। थाना क्षेत्र निवासी महिला की शादी हापुड़ हुई थी। महिला का आरोप था कि उसका पति मारपीट करता है। गलत काम करता है। इंस्पेक्टर का कहना है कि लिखित में समझौता दे रखा है।
मैंने नहीं किया वायरल
ईश्वर या ऑडियो वायरल करने वाला जानता है कि पूरे प्रकरण में मेरी कोई गलती नहीं है। मैंने ऑडियो वायरल नहीं किया है। -एमपी सिंह, इंस्पेक्टर मवाना
मैं अब भी कायम हूं
पति-पत्नी के बीच मामूली विवाद में चालान कर दिया। पत्नी के कहने पर भी नहीं छोड़ा। जिसमें पत्नी भी समझौता चाहती थी। लेकिन जानबूझकर इंस्पेक्टर ने पति का चालान करने की बात कही। मैंने इसी संबंध में बात की। मैं अब भी अपनी बात पर कायम हूं। जो अधिकारी पीड़ित की नहीं सुन रहा, उसे रहने का क्या अधिकार है। जनप्रतिनिधि होने के नाते जब पीड़ित उनके पास आते हैं तो गलत कार्रवाई होने पर क्या मैं बात भी न करूं। -दिनेश खटीक विधायक हस्तिनापुर
दोनों में समझौता
मामला 13 अगस्त का है। पति-पत्नी के विवाद पर आरोपी पति को थाने ले आई। इस मामले में पत्नी ने तहरीर भी नहीं दी। हालांकि जांच में यह साफ हो गया था कि मामला केवल पति-पत्नी का सामान्य विवाद है। दोनों के बीच समझौता भी हो गया था। -राजेश कुमार पांडेय, एसएसपी
खास बातें:
हस्तिनापुर विधायक दिनेश खटीक और इंस्पेक्टर मवाना एमपी सिंह के बीच बातचीत का ऑडियो हो रहा वायरल