मऊ। नगर सहित जिले के 1208 परिषदीय विद्यालयों का कायाकल्प के लिए सर्वे किया जाएगा। सर्वे के आधार पर जिले की रैंकिंग तय होगी। सर्वे के लिए प्रेरणा मोबाइल एप का उपयोग किया जाएगा। सर्वे के समय स्वतंत्र जिओ टैगिंग भी होगी। इसके माध्यम से विद्यालयों की व्यवस्थाओं के बारे में जानकारी मिल सकेगी। परिषदीय विद्यालयों में आधारभूत सुविधाओं का मूल्यांकन करने के लिए शिक्षा विभाग कायाकल्प सर्वे कराने जा रहा है। इसे जिला शिक्षा और प्रशिक्षण संस्थान में प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे 200 लोग करेंगे। वे विद्यालयों में जाकर उसकी जिओ लोकेशन फीड करेंगे। इसके साथ ही विद्यालय की आधारभूत सूचनाओं और व्यवस्थाओं के बारे में एप पर अंकित करेंगे। इसमें विद्यालय में शौचालय की स्थिति के साथ ही कक्षाओं और बिजली पानी की बारे में जानकारी दी जाएगी। इसके लिए 31 प्रश्नों की प्रश्नावली तैयार की गई है। एक व्यक्ति 30 विद्यालयों का सर्वे करेगा। एक दिन में तीन विद्यालय का सर्वे करना है।
मऊ। आंगनबाड़ी केंद्रों का सर्वे भी किया जाएगा। इसके लिए अलग से प्रश्नावली दी जाएगी। विद्यालय में सर्वे के दौरान कोई सुविधा अपूर्ण मिलेगी तो इसकी पूरी जानकारी एप पर अंकित करेंगे। आधी अधूरी सुविधा को पूर्णता में नहीं दर्शायेंगे। साथ ही सुविधाओं को दुरुस्त करने में अनुमानित लागत भी एप पर अंकित करेंगे।
कायाकल्प सर्वे को गत वर्ष के सर्वे से तुलना किया जाएगा। इसमें एक साल में हुई प्रगति की जानकारी मिल सकेगी।12 मई तक सर्वे का कार्य पूरा करने का निर्देश दिया गया है।अजीत तिवारी,जिला समन्वयक निर्माण ,बेसिक शिक्षा विभाग