फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Mau News: मऊ में तापमान लगातार 44 डिग्री, खेती किसानी पर गहराने लगा संकट

विज्ञापन
विज्ञापन
मऊ। जून के दूसरे सप्ताह में तापमान चरम पर पहुंच गया है। सोमवार को लगातार दूसरे दिन 44 डिग्री सेल्सियस रहा। गर्मी बढ़ने से जहां आम लोगों की मुश्किलें बढ़ती जा रही हैं। वहीं खेती किसानी पर भी संकट गहराता जा रहा है। तेज धूप से हरी सब्जी भी झुलस जा रही है। इससे सब्जी उत्पादन पर असर पड़ रहा है। वहीं धान की नर्सरी के ग्रोथ पर भी असर पड़ रहा है। कृषि वैज्ञानिक इस समय धान की नर्सरी न डालने की सलाह दे रहे हैं।
विज्ञापन

सोमवार सुबह से ही धूप निकली। सुबह नौ बजे ही सूरज की तपिश इतनी अधिक हो गई थी कि बाहर निकलना मुश्किल हो रहा था। ऐसे में दोपहर होते ही प्रमुख मार्गों तथा बाजारों में आवाजाही कम रही। तापमान पर नजर डाला जाए तो सोमवार अधिकतम तापमान 44 डिग्री सेल्सियस, न्यूनतम तापमान 29 डिग्री सेल्सियस दर्ज की गई। आद्रता 20 प्रतिशत रही। जबकि 16 किमी की रफ्तार से हवा चल रही थी। दोपहर के समय लोग घरों में ही दुबके रहे। जरूरी काम से ही यदि लोग निकल भी रहे थे तो सिर ढंककर निकले। अमूमन 15 जून से प्री मॉनसून का समय होता है। लेकिन कृषि विशेषज्ञ 25 जून के बाद मॉनसून की संभावना जता रहे हैं। तापमान बढ़ने से हरी सब्जी झुलस रही है। उत्पादन पर असर पड़ रहा है। तेज धूप से अगेती धान की नर्सरी के ग्रोथ पर असर पड़ रहा है।

कोट

किसान इस समय धान की नर्सरी न डालें। धान की नर्सरी की सिंचाई शाम के समय करें। सुबह के समय नर्सरी से पानी निकाल दें। धान की नर्सरी में समस्या आने पर कृषि विशेषज्ञ की सलाह लेनी चाहिए। सब्जी के फसल की सिंचाई भी शाम के समय करनी चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन


डॉ. विनय कुमार सिंह, वरिष्ठ वैज्ञानिक, कृषि विज्ञान केंद्र, पिलखी
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें