रतनपुरा ब्लाक सभागार में क्षेत्र पंचायत की बैठक को संबोधित करते ब्लाक प्रमुख सरिता राजभर।संवाद
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रतनपुरा। क्षेत्र पंचायत रतनपुरा की बैठक मंगलवार को ब्लॉक सभागार में हुई। बैठक में कार्य पूर्ण होने के बावजूद भी लंबे समय से मनरेगा मजदूरी का भुगतान न किए जाने का मुद्दा छाया रहा। विभिन्न विभागों से आए अधिकारियों ने सरकारी योजनाओं की जानकारी दी। ग्राम प्रधानों एवं क्षेत्र पंचायत सदस्यों ने अपने अपने क्षेत्र में विकास का खाका खींचते हुए धन उपलब्ध कराए जाने की आवाज उठाई। क्षेत्र पंचायत सदस्य बबलू यादव के पेयजल योजना में हुए अनियमितता के सवाल पर बीडीओ दिवाकर सिंह ने बताया कि राज्य वित्त योजना के तहत एक करोड़ 21 लाख 44 हजार 787 रुपया आए थे जिनमें विभिन्न परियोजनाओं में 44 लाख 11 हजार 353 रुपए व्यय हुए। 77 लाख 33 हजार 435 अवशेष हैं। वहीं 15वें वित्त योजना में कुल एक करोड़ 94 लाख 67 हजार 407 रुपये आए थे जिनमें एक करोड़ 22 लाख 33 हजार 163 रुपये व्यय हुए तथा 72 लाख 34 हजार 244 अवशेष है। उन्होंने बताया कि पेयजल योजना में 1,000000 रुपए के अनियमितता के प्रकरण की जांच जनपद स्तर पर चल रही है। अभी तक जांच रिपोर्ट प्राप्त नहीं हुई है। बैठक में पिछली बैठक में फर्जी हस्ताक्षर का मुद्दा भी कुछ सदस्यों ने उठाया जिस पर बीडीओ ने सफाई दी। क्षेत्र पंचायत अध्यक्ष सरिता राजभर ने गुणवत्ता युक्त विकास कार्यों को गति देने की बात कही। ग्राम प्रधान बड़ागांव पवन कुमार परिवर्तन ने कार्य होने के बावजूद भी मजदूरी का भुगतान न किए जाने का मुद्दा उठाया। अनेक सदस्यों ने उनका समर्थन किया। बीडीओ ने जल्द ही भुगतान का आश्वासन दिया। क्षेत्र पंचायत सदस्य गढ़वा अमित कुमार पांडेय ने सरकारी योजनाओं से लोगों को रूबरू कराने के लिए कार्यशाला में आयोजित करने का सुझाव दिया।
इस दौरान राम प्रवेश राजभर, जय किशोर गुप्ता, अशोक कुमार चौहान, पारसनाथ यादव, मनोज कुमार, शेषनाथ राम आदि उपस्थित रहे। अंत में अध्यक्ष ने आभार जताया।