मऊ। मेरा पति सॉफ्टवेयर इंजीनियर हैं। हम दोनों ने प्रेम विवाह किया है। शादी के बाद मेरे पति मुझे साथ लेकर दिल्ली गए, जहां कुछ दिन साथ रखने के बाद वापस घर छोड़ दिया। जब मैं साथ चलने की बात कही तो उन्होंने जल्द ले जाने की बात कहकर चले गए। यह गुहार रविवार को पुलिस लाइन में आयोजित परिवार परामर्श की बैठक में एक महिला ने लगाई। आरोप लगाया कि अब उसका पति उसे ले जाने के बजाय उससे केवल समय मांग रहा है। बताया की जब उसे छल का संदेह हुआ तो उसने प्रार्थना पत्र सुलह-समझौता के लिए दिया। इसके बाद उसके पति को ब्यूरो द्वारा हाजिर कराया गया ,उसने ब्यूरो के समक्ष 2 महीने का समय मांगा लेकिन आजतक कुछ पता नहीं चला तो ब्यूरो ने रविवार को महिला के पति के खिलाफ एफआईआर का निर्णय लिया। इससे पहले सुबह 10 बजे से पुलिस लाइन सभागार में बैठक शुरू हुई। जहां 38 मामले पेश हुए, इनमें 19 का निस्तारण हुआ है। जबकि 4 मामलों में सुलह हुआ,जहां इन परिवारों ने गिले शिकवे भुलाकर साथ रहने को तैयार हुए। जबकि 13 फाइल प्रार्थी की अनुपस्थिति अथवा कोर्ट में दोनों पक्ष द्वारा मुकदमा चलाने के कारण बंद की गयीं। वहीं 2 एफआईआर दर्ज किया गया। निस्तारण में मुख्य रूप से अर्चना उपाध्याय, सर्वेश दूबे, शाहिद पैरिस, मौलवी अरशद, एसआई समरजीत यादव ने सुनवाई की।