यूपी में अगले साल यानी 2027 में विधानसभा का चुनाव होना है। आगामी विधानसभा चुनाव को देखते हुए सभी छोटे-बड़े दल अपने-अपने समीकरण साधने में जुट गए हैं। सपा जहां अपनी खोई हुई जमीन वापस पाना चाहती है वहीं भजापा लगातार तीसरी बार सत्ता में आने के लिए पूरा जोर लगा रही है। भाजपा सरकार के कामकाज से जनता कितना संतुष्ट है और शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार को लेकर लोगों की राय क्या है? प्रदेश की जनता के 'मन की बात' जानने के लिए आमर उजाला ने एक अभियान चलाया है जिसका नाम है 'सत्ता का संग्राम'। इस अभियान के तहत अमर उजाला की टीम प्रदेश की सभी विधानसभाओं में जाकर तमाम मुद्दों को लेकर लोगों से बात कर रही है और ये जानने की कोशिश कर रही है कि क्षेत्र के मौजूदा विधायक के काम-काज से जनता कितना संतुष्ट है? इसी कड़ी में मऊ जिले की मोहम्मदाबाद गोहना सीट का अमर उजाला की टीम ने जायजा लिया।
मोहम्मदाबाद गोहना में कैसी महिला सुरक्षा?
'सत्ता का संग्राम' कार्यक्रम के तहत मऊ जिले के मोहम्मदाबाद गोहना विधानसभा क्षेत्र पहुंची। उन्होंने एक प्रतिष्ठित स्कूल के शिक्षकों से विभिन्न मुद्दों पर बात की। चर्चा का मुख्य केंद्र शिक्षा, महिला सुरक्षा और पिछले पांच वर्षों में हुए विकास कार्य रहे। महिला शिक्षकों ने बताया कि क्षेत्र में पुलिस वाहन और अन्य सुविधाएं बढ़ी हैं। किसी भी घटना पर अब त्वरित कार्रवाई की जाती है। पहले की तुलना में अब स्थिति में बहुत सुधार आया है। एक शिक्षिका ने कहा कि पहले लड़कियां अकेले स्कूल आने से डरती थीं। अब वे बाइक, साइकिल या स्कूटी से खुद आ जाती हैं। यह महिला सुरक्षा के क्षेत्र में सबसे बड़ा बदलाव है। अंग्रेजी व्याकरण पढ़ाने वाली एक शिक्षिका ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्र की लड़कियां शिक्षा के महत्व को समझ रही हैं। वे अब हर क्षेत्र में आगे बढ़ रही हैं। जनता विकास के आधार पर मतदान करेगी। शिक्षकों ने योगी सरकार के कामकाज को शिक्षा, कानून-व्यवस्था और महिला सुरक्षा के क्षेत्र में अच्छा बताया। उनका कहना था कि सरकार हर घटना पर तुरंत कार्रवाई करती है। स्कूल में भी सुरक्षा नियमों के प्रति जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। महिला शिक्षकों ने इस बात पर जोर दिया कि लड़कियों का अकेले घर से निकलना अब आसान हो गया है। यह सुरक्षा में आए बड़े सुधार को दर्शाता है।
मोहम्मदाबाद गोहना में कितना विकास?
मऊ जिले के मोहम्मद गोहना विधानसभा क्षेत्र पहुंची। जहां टीम ने विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की। इस बातचीत में शिक्षा, महिला सुरक्षा, परिवहन और पिछले पांच वर्षों में हुए विकास कार्य मुख्य विषय रहे। शिक्षकों ने बताया कि क्षेत्र में सड़क परिवहन बहुत तेज हुआ है। सड़क संपर्क बढ़ने से दूर के स्कूलों तक पहुंच आसान हुई है। एक शिक्षक, जो पहले मुंबई में रहते थे, ने सड़क विकास और बुनियादी ढांचे में बड़े बदलाव देखे। उन्होंने योगी सरकार के काम को शिक्षा, महिला सुरक्षा और परिवहन में उत्कृष्ट बताया। प्रवीण कुमार मिश्रा, गणित शिक्षक, ने महिला सुरक्षा में सुधार और बच्चियों के पढ़ाई छोड़ने की दर में कमी का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि उच्च शिक्षा में उनका नामांकन बढ़ा है और वे सुरक्षित महसूस करती हैं। उन्होंने बुनियादी ढांचे के विकास और विदेशी कंपनियों के निवेश को भी सराहा। प्रशासन को बहुत अच्छा बताया गया, जहां मुख्यमंत्री पोर्टल पर त्वरित कार्रवाई होती है। शिक्षकों ने शासन, अनुशासन और प्रशासन तीनों में विकास देखा। एक रसायन विज्ञान शिक्षक ने मुख्यमंत्री पोर्टल पर त्वरित कार्रवाई की सराहना की। उन्होंने कहा कि समग्र विकास हुआ है, लेकिन बेरोजगारी एक चुनौती बनी हुई है। उप-प्रधानाचार्य ने बताया कि केरल की तुलना में उत्तर प्रदेश में सरकारी निर्णय तेजी से लिए जाते हैं। उन्होंने सड़कों और रेलवे के क्षेत्र में तेज विकास पर संतोष व्यक्त किया।
किसानों को कितनी योजनाओं का लाभ?
'सत्ता का संग्राम' कार्यक्रम के तहत अमर उजाला की टीम मऊ जिले के मोहमदाबाद गोहना विधानसभा क्षेत्र के करहा गांव पहुंची। उन्होंने बाबा घनश्याम दास मंदिर के पास ग्रामीणों और किसानों से पिछले पांच साल के कामकाज पर बात की। चर्चा में बिजली, सरकारी योजनाएं, सड़क और स्थानीय विधायक के प्रदर्शन जैसे मुद्दे शामिल रहे। किसानों ने बताया कि उन्हें 18-20 घंटे मुफ्त बिजली मिल रही है। केंद्र और राज्य सरकार की सड़कें भी अच्छी स्थिति में हैं। कई किसानों ने योगी सरकार के कामकाज को बहुत अच्छा बताया। उन्होंने सुरक्षा और शासन में कोई कमी नहीं होने की बात कही। प्रशासन भी शिकायत मिलने पर तुरंत कार्रवाई करता है। किसानों को सम्मान निधि और सब्सिडी जैसी लगभग सभी सरकारी योजनाएं मिल रही हैं। ये लाभ सीधे उनके खाते में आते हैं, जिससे बिचौलियों की भूमिका खत्म हो गई है। हालांकि, कुछ किसानों ने मशरूम और मछली पालन जैसी उन्नत खेती करने के बावजूद आर्थिक लाभ न मिलने की शिकायत की। युवाओं का खेती से न जुड़ना भी एक बड़ी समस्या बताई गई। स्थानीय विधायक के कामकाज से ग्रामीण संतुष्ट नहीं दिखे। एक ड्राइवर ने 'सबका साथ सबका विकास' की नीति के कारण भाजपा को वोट देने की बात कही।