अब सरकारी तथा मान्यता प्राप्त विद्यालयों में फर्जी तरीके से बच्चों का नामांकन करना आसान नहीं होगा। बेसिक शिक्षा विभाग तथा माध्यमिक शिक्षा विभाग से संबद्ध विद्यालयों का डाटा यू-डायस पर ऑनलाइन चार चरणों में अपलोड होगा। विद्यालयों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों की डिजिटल कुंडली तैयार की जा रही है। अब एक क्लिक करने से विद्यालय व विद्यार्थी के बारे में पूरी जानकारी मिलेगी। माध्यमिक तथा बेसिक शिक्षा विभाग से जिले में दो हजार से अधिक विद्यालय हैं।
विद्यालयों में प्रतिवर्ष यूडायस प्रपत्र ऑफलाइन लिया जाता था। लेकिन कई विद्यालयों में नामांकन कागज में ज्यादा होता था, लेकिन धरातल पर नहीं दिखता था। शासन ने फर्जीवाड़े पर नकेल कसने के लिए शासन ने बेसिक शिक्षा विभाग तथा माध्यमिक शिक्षा विभाग से संबद्ध विद्यालयों का डाटा यू-डायस पर आनलाइन चार चरणों में अपलोड करने का फरमान जारी किया है। इसमें विद्यार्थी के नाम, कक्षा से लेकर उसका पता, माता-पिता का नाम, आधारकार्ड संख्या, मोबाइल नंबर आदि सभी जानकारियां अपलोड की जाएंगी। हर विद्यार्थी का ऑनलाइन विवरण भरा जाना अनिवार्य भी किया गया है। शिक्षा विभाग के इस कदम से बच्चों की संख्या को लेकर विभाग व स्कूल प्रबंधन में आए दिन पैदा हो रही असहज की स्थिति दूर होगी। साथ ही विद्यार्थियों से जुड़ी विभिन्न योजनाओं के क्रियान्वयन में भी पारदर्शिता रहेगी। यू-डायस को इस बार चार चरणों में भरा जाएगा। पहले चरण में स्कूलों से संबंधित विवरण अपलोड होगा। दूसरे चरण में भौतिक सुविधाओं के आंकड़े भरे जाएंगे। तीसरे चरण में शिक्षकों व शिक्षणेत्तर कर्मियों की विस्तृत डिटेल भरी जाएगी। चौथे चरण में छात्र छात्राओं का विधिवत विवरण भरा जाएगा।
जिला समन्वयक माध्यमिक शिक्षा अभियान चंद्र प्रकाश श्रीवास्तव ने बताया कि सभी स्कूलों को तत्काल वेबसाइट बनवाकर पूरा ब्योरा दर्ज करने को कहा गया है। इसमें अगले शैक्षणिक कैलेंडर को भी प्रदर्शित किया जाएगा। इससे आने वाले दिनों में ऑनलाइन पढ़ाई भी आसान होगी। साथ ही विद्यार्थी घर बैठे ही स्कूलों के बारे में जानकारी ले सकेंगे।