मऊ। गैंगस्टर एक्ट के मामले में बांदा जेल में निरुद्ध पूर्व विधायक मुख्तार अंसारी की पेशी मंगलवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से हुई। विशेष न्यायाधीश एमपी / एमएलए कोर्ट दिनेश कुमार चौरसिया ने मामले में साक्ष्य के लिए नौ नवंबर की तिथि तय की। मामला दक्षिण टोला थाना क्षेत्र का है। अभियोजन के अनुसार, तत्कालीन प्रभारी निरीक्षक दक्षिण टोला निहार नंदन की तहरीर पर फर्जी असलहा प्रकरण मामले में दर्ज हुए मुकदमे को आधार बनाकर मुख्तार अंसारी, इसराईल अंसारी, सलीम और अनवर शहजाद के विरुद्ध गैंगस्टर एक्ट के तहत एफआईआर दर्ज हुई। पुलिस ने विवेचना के बाद आरोप पत्र कोर्ट में प्रेषित किया। मामले में मंगलवार को साक्ष्य होना था लेकिन कोई साक्षी कोर्ट में उपस्थित नहीं हुआ। जिसपर एडीजे ने मामले में साक्ष्य के लिए नौ नवंबर की तिथि तय कर दी। उधर, दक्षिण टोला थाना क्षेत्र के असलहा प्रकरण के मामले में आरोपी पूर्व विधायक मुख्तार अंसारी की पेशी मंगलवार को एसीजेएम एमपी/ एमएलए कोर्ट में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से हुई। इस दौरान मुख्तार अंसारी व अन्य आरोपियों की ओर से आरोप से मुक्त किए जाने के लिए दी गई थी। अर्जी को एपीओ रविंद्र यादव और बचाव पक्ष के अधिवक्ता के तर्कों को सुनने के बाद एसीजेएम एमपी/एमएलए श्वेता चौधरी ने खारिज कर दिया। तथा आरोप तय करने के लिए 31 अक्तूबर की तिथि नियत की।