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अंडरपास पर भरा पानी, दर्जनों गांवों का कटा संपर्क

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रतनपुरा के करउत गांव के पास रेलवे द्वारा बनाया गया अंडर पास में बारिश के बाद लगा जलजमाव, जिसके कार? - फोटो : MAU
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रतनपुरा। रेलवे द्वारा मऊ-बलिया रेलखंड के करऊत गांव के पास बनाया गया अंडरपास बारिश के चलते पानी से से भर गया है। तीन से चार फीट तक अंडरपास के दोनों ओर पानी भरने के चलते 12 से अधिक गांवों के लोगों का संपर्क टूट गया है। इससे आवागमन में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। यहीं नहीं इस मार्ग से गांवों के स्कूली बच्चों का गुजरना भी होता हैं। रेलवे द्वारा दु्घर्टना से बचने के लिए मऊ -फेफना रेलखंड के किनारे बसे गांवों में आवागमन को लेकर अंडरपास गेट का निर्माण कराया जा रहा है। इसीक्रम में रतनपुरा ब्लॉक के करऊत गांव के पास रेलवे द्वारा अंडरपास बनाया गया है। बीते चार दिनों से हुई बारिश के बाद अंडरपास मार्ग पर तीन से चार फीट तक पानी भर चुका है। पानी भरने के चलते करउत गांव, गाढा, सेहबरपुर, छपरा, गेलिहा सहित कई गांवों का आवागमन दूभर हो गया है। ऐसे में गांवों के लोग दूसरे लंबे रास्तों से घूमकर आवागमन कर रहे हैं। वहीं रेलवे द्वारा धर्मागतपुर गांव के पास बनाया जा रहा अंडरपास के पास भी यही स्थिति बनी हुई है। जलजमाव के साथ निर्माण के लिए खोदी गई मिट्टी गिरने से पूरा रास्ता कीचड़ से भर गया है। ऐसे में अंडरपास के दोनों तरफ बने गांवों का एक दूसरे से संपर्क कट गया है। स्थानीय निवासी सूर्य बली यादव, रामकेवल यादव, मुन्ना यादव, लल्लन प्रसाद, बृजेंद यादव, प्रमोद कुमार, अतुल कुमार ,अमित और मुनील प्रजापति आदि ने बताया कि रेलवे द्वारा अंडरपास के निर्माण के दौरान बारिश के समय जलभराव की स्थिति से अवगत कराया गया था। लेकिन अधिकारियों द्वारा उनकी इस विचार को अनदेखा कर दिया गया। ऐसे में बारिश के बाद पानी भरने के बाद गांवों का संपर्क एक दूसरे से कट गया है। आवागमन के लिए लोगों को कई किमी लंबे रास्तों से होकर गुजरना पड़ रहा है।
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