रविवार को झमाझम बारिश के बीच नगर के नरईबांध से गुजरता ई रिक्शा।
- फोटो : MAU
मऊ। रविवार को कहीं बूंदाबांदी तो कहीं झमाझम बारिश हुई। इससे लोगों को गर्मी उमस से राहत मिली। आसमान में बादल छाए रहे। मौसम खुशनुमा होने से लोग मस्ती करते देखे गए। वहीं, भारी बारिश की किसानों को अभी भी उम्मीद है। शनिवार की शाम से आकाश में हल्के बादल छाए रहे। लेकिन गर्मी व उमस से लोग बेहाल रहे। रविवार को सुबह तेज धूप निकली। किसानों के लिए खेत में काम करना मुुश्किल हो रहा था। गर्मी व उमस बरकरार रहने से लोग परेशान नजर आ रहे थे। सुबह 11 बजे थोड़ी देर के लिए कहीं बूंदाबांदी तो कहीं झमाझम बारिश हुई। इससे मौसम खुशनुमा हो गया। ऐसे में निचले इलाकों में जलभराव हो गया। कीचड़ और फिसलन से लोग परेशान हुए। उधर, धान की फसल में सिंचाई की जरूरत है। ऐसे में कम बारिश होने से लोग तमाम टोटके करने लगे हैं। गांवों में भगवान इंद्र को प्रसन्न करने के लिए मंदिरों में पूजन अर्चन भी शुरू हो गया है। कम बारिश होने से किसानों को नुकसान की चिंता हो रही है। परदहां ब्लाक क्षेत्र के किसान सूर्यनाथ यादव, महेंद्र कुमार, संजय यादव का कहना था कि जुलाई माह में भारी बारिश होने से धान की नर्सरी नष्ट हो गई। दुबारा नर्सरी डाला। लेकिन अगस्त माह में बारिश नाम मात्र होने से अब तक धान की रोपाई नहीं हो पाई है। जिस खेत में धान की रोपाई हुई भी है। उसमें खर पतवार तेजी से बढ़ रहा है। फसल में रोग लग रहा है। रासायनिक दवा का छिड़काव करने के चलते खेती की लागत बढ़ती जा रही है। बढुआगोदाम: क्षेत्र के डुमरांव, ताजोपुर में कुछ देर के लिए झमाझम बारिश हुई। वहीं कहिनौर, पिपरी, उस्मानपुर, सुअराबोझ सहित विभिन्न इलाकों में बूूंदाबांदी हुई। इससे गर्मी व उमस से राहत मिली। मौसम खुशनुमा रहने से लोग मस्ती से इधर उधर घूमते नजर आए। वहीं कम बारिश होने से परेशान किसान मायूस नजर आए।