घोसी विधानसभा उपचुनाव में मतदान के दौरान दारुल ओलूम खैरीआह फैज- ए -आम घोसी में मतदान के लिए लगी लंब
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मऊ। घोसी विधानसभा उपचुनाव में सोमवार को सुबह सात बजे से कड़ी सुरक्षा के बीच मतदान शुरु हुआ। शाम छह बजे तक कुल 52.43 फीसदी मतदाओं ने मताधिकार का प्रयोग किया। ऐसे में 11 प्रत्याशियों के भाग्य का फैसला कर ईवीएम में कैद हुआ। 2017 में हुए चुनाव की तुलना में इस बार 6.37 फीसदी कम मतदान हुआ। घोसी विधानसभा में मौजूद 423952 वोटरों की सुविधा के लिए 227 केंद्रों पर 454 बूथ बनाए गए थे। जहां 228854 पुरुष और 195094 महिला के साथ थर्ड जेंडर के चार वोटरों ने अपने मतों का प्रयोग किया। सुबह सात बजे से वोटिंग शुरु हुई। इस दौरान मॉक पोल के दौरान ही दर्जनों बूथों पर ईवीएम खराब हो गया। परिणाम रहा कि कई बूथों पर देर से वोटिंग शुरु हुई। कोपागंज ब्लाक के पवनी गांव और लैरोदोनवार पर काफी देर से एक घंटा बाद आठ बजे से वोट पड़ना शुरु हुआ। इस दौरान पवनी बूथ से अधिकांश मतदाता वापस लौट गए। वोटिंग में सुरक्षा की दृष्टि से पुलिस पीएसी के साथ एसएसबी (सीमा सुरक्षा बल) के जवानों को लगाया गया था। इसके अलावा जिला और पुलिस प्रशासन के सेक्टर मजिस्ट्रेटों की मोबाइल टीमें हर पांच पांच मिनट पर बूथों पर पहुंच रही थी। इस दौरान मंडलायुक्त कनक त्रिपाठी और डीआईजी मनोज तिवारी मऊ पहुंचकर बूथों का निरीक्षण किया। इस तरह से देर शाम छह बजे तक कुल 222258 वोटरों ने मताधिकार का प्रयोग किया।