मऊ। शैक्षणिक प्रमाण पत्र में छेड़छाड़ कर मदरसा में सहायक अध्यापक के पद पर नौकरी पाने के लंबित मामले में कोर्ट ने साक्ष्य के लिए उत्तर प्रदेश मदरसा बोर्ड को अभिलेखों के साथ तलब किया था। अदालत न आने पर कोर्ट ने दो मार्च को निदेशक को गैर जमानीय वारंट जारी किया। मामले में शनिवार को फिर सुनवाई है। मामला कोपागंज थाना क्षेत्र के अदरी नगर पंचायत स्थित मदरसा चश्म-ए-फैज का है। मुकदमे के अनुसार, शहर कोतवाली क्षेत्र के हट्ठी मदारी मुहल्ला निवासी हबीबुर्रहमान ने सीजेएम कोर्ट में प्रार्थना पत्र देकर आरोप लगाया कि कोपागंज थाना क्षेत्र के फैज नगर अदरी निवासी निजामुद्दीन पुत्र हनीफ ने आलिम वर्ष 1994 की फर्जी योग्यता प्रस्तुत कर सहायक अध्यापक तहतानिया के पद पर 2002 में नियुक्ति कराई है। साथ ही बाकायदा वेतन भी ले रहें है। मामले की सुनवाई करते हुए सीजेएम ने मदरसा बोर्ड से शैक्षणिक प्रमाण पत्र तलब किया। साथ ही सम्मन बोर्ड के निदेशक को भेजा गया था। बावजूद इसके निदेशक ने न तो शैक्षणिक प्रमाण पत्र कोर्ट में भेजवाया न ही इस संबंध में कोई आवेदन पत्र ही न्यायालय में भेजा। जिसे गंभीरता से लेते हुए सीजेएम ने निदेशक के विरुद्ध गैरजमानती वारंट जारी किया। इस मामले में शनिवार को कोर्ट में सुनवाई होगी।