दोहरीघाट में संत गाडगे की जयंती पर कस्बा स्थित धर्मशाला में उनकी प्रतिमा पर मार्ल्यापण करते धोब?
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दोहरीघाट। धोबी समाज की तरफ से बुधवार को महान संत गाडगे की जयंती धूमधाम से मनाई गई। उनके चित्र पर माल्यार्पण कर उनके बताए रास्ते पर चलने का संकल्प लिया गया। मुख्य वक्ता अखिल भारतीय कनौजिया महासभा के प्रदेश संयोजक पूर्व जिला पंचायत सदस्य आनंद चौधरी ने कहा कि गाडगे बाबा के जीवन का एक मात्र उदेश्य लोकसेवा तथा दीन दुखियों तथा उपेक्षितों की सेवा था उसे ही वह ईश्वर भक्ति मानते थे।वे धार्मिक आडंबरो का उन्होंने विरोध किया। उनका विश्वास था कि ईश्वर दरिद्र नरायन के रूप में मानव समाज मे विद्यमान हैं। मनुष्य को चाहिए कि वह इस भगवान को पहचाने और सेवा करें। इस अवसर पर विनोद, बब्बन, गोविंद, विजय, शैलेश, भानु आदि शामिल रहे।