मधुबन। तहसील क्षेत्र के ग्रामसभा जजौली में बृहस्पतिवार की शाम अवैध अतिक्रमण पर प्रशासन का बुलडोजर चला। गांव के कई लोगों ने तालाब, चकरोड, बंजर भूमि, नवीन परती आदि पर किए अवैध अतिक्रमण को सीमांकन कर कब्जामुक्त कराया। इस कार्रवाई से अवैध अतिक्रमण करने वालों में अफरा-तफरी की स्थिति बनी रही। तहसील प्रशासन ने बताया कि यह कार्रवाई हाईकोर्ट के आदेश पर की गई है।
गांव में सरकारी भूमि पर अतिक्रमण मामले में बीते कई सालों से कोर्ट में मुकदमा चल रहा था। गांव के तन्नू मल्ल एवं उत्तर प्रदेश सरकार के बीच चल रहे मुकदमा में बीते 15 अप्रैल को हाईकोर्ट का निर्णय आया। उच्च न्यायलय ने गाटा संख्या 78, 80, 82, 173, 178,180 एवं 185 का सीमांकन कर अवैध अतिक्रमण को हटवाने का आदेश दिया। जिसके बाद जिलाधिकारी ने इस संबंध में आदेश दिए। तहसीलदार हेमंत बिंद, नायब तहसीलदार अभिजीत प्रताप सिंह के नेतृत्व में कई घंटों तक यह कार्रवाई चली। इसमें गांव के संतोष कुमार, धर्मदेव, सूर्यभान आदि पर कार्रवाई करते हुए भूमि को कब्जामुक्त कराया गया। पोखरी की भूमि का सीमांकन कर अवैध कब्जे को हटवाया गया। कहीं पर आंशिक तो कहीं पर पूर्ण रूप से अतिक्रमण था। सभी अवैध अतिक्रमण को गिराकर सार्वजनिक भूमि को कब्जा मुक्त करा लिया गया है। कार्रवाई टीम में लेखपाल राजकुमार शर्मा, अभय सिंह, ईशांत सिंह, शरद चंद्र पांडेय, अमित कुमार सिंह सहित कई तहसील से जुड़े कर्मचारी मौजूद रहे।