मऊ। जिलाधिकारी अरुण कुमार ने बुधवार को परदहा ब्लॉक के ग्राम पंचायत कुशमौर की ग्राम प्रधान संगीता सिंह के वित्तीय एवं प्रशासनिक अधिकार सीज करते हुए ग्राम विकास अधिकारी को निलंबित करने का निर्देश दिया। साथ ही सरकारी धन के दुरुपयोग पर संबंधित टीए के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई करने का निर्देश दिया।
बीती जनसुनवाई के दौरान कुशमौर गांव निवासी मकरध्वज सिंह पुत्र पवन कुमार सिंह ने मनरेगा के तहत कराए जा रहे कार्यों में वित्तीय अनियमितता की शिकायत की थी। इसके अलावा शिकायतकर्ता ने मनरेगा के तहत कराए गए कार्यों की जांच कर संबंधित लोगों के खिलाफ कार्रवाई की भी मांग की थी। शिकायत मिलने के बाद जिलाधिकारी ने जिला कृषि अधिकारी और अधिशासी अभियंता जल निगम को जांच अधिकारी नामित करते हुए संयुक्त जांच रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए था। संयुक्त टीम द्वारा जांच के बाद सरकारी धन के दुरुपयोग की रिपोर्ट प्रस्तुत की गई थी। जांच रिपोर्ट में नाली निर्माण,सीसी रोड निर्माण,अमृत सरोवरों पर कार्य कराने, मिट्टी भराई सहित कुल 17 कार्यों की जांच के दौरान कुल 3.41 लाख रुपये की सरकारी धन के दुरुपयोग की बात सामने आई। इसके बाद संबंधित ग्राम प्रधान और सचिव को नोटिस भेजने की कार्रवाई की गई। इसी क्रम में संबंधित ग्राम प्रधान और सचिव द्वारा संतोषजनक जवाब प्रस्तुत न करने और पर्याप्त साक्ष्य उपलब्ध न कराने पर जिलाधिकारी ने बुधवार को ग्राम पंचायत कुशमौर के ग्राम प्रधान के वित्तीय और प्रशासनिक अधिकार को सीज करने के साथ ही संबंधित सचिव को निलंबित करने और टीए के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई का निर्देश दिया।