मझवारा। सेमरीजमालपुर विद्युत उपकेंद्र के लखनी फीडर से संबद्ध 15 गांवों की तीन दिनों से ठप चल रही विद्युत आपूर्ति किए जाने के मामले में आखिरकार अधिकारियों ने सुधि ले ही लिया। अमर उजाला ने एक मई के अंक में ग्रामीणों ने चंदा लगवाए खंभे शीर्षक से प्रमुखता से प्रकाशित किया। खबर प्रकाशित होने के बाद जिलाधिकारी ने विभागीय अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाने के साथ ही विद्युत आपूर्ति बहाल करने का आदेश दिया। आनन फानन में विभागीय अधिकारियों ने विद्युत आपूर्ति बहाल कराया। सेमरीजमालपुर विद्युत उपकेंद्र के लखनी फीडर से क्षेत्र के खैरामुहम्मदपुर, दरियाबाद, लखनी, चौकठवां, बैरासी, विंद्रावन, मलेरीकोट, सउरही, पवनी सहित विभिन्न गांवों मेें विद्युत आपूर्ति की जाती है। गत मंगलवार को आंधी बारिश की चपेट में आने से लखनी फीडर के मेनलाइन का छह पोल धाराशायी होजाने के बाद विद्युत आपूर्ति ठप जाने के बाद ग्रामीणों की मुश्किलें बढ़ने लगी थी। शिकायत के बाद भी विभागीय अधिकारी हाथ पर हाथ धरे बैठे रहे। थक हारकर ग्रामीणों ने चंदे लगाकर पोल गाड़ना शुरू किया। अमर उजाला में प्रमुखता से खबर प्रकाशित होने के बाद विभागीय अधिकारियों में हड़कंप मच गया। खबर प्रकाशित होने के बाद जिला प्रशासन ने मामले को संज्ञान में लेकर बिजली विभाग के संबंधित अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाई। आनन फानन में उप खंड अधिकारी भानु प्रताप सिंह के नेतृत्व में टीम ने गांवों में विद्युत उपकरण की आपूर्ति कराने के साथ ही कड़ी मशक्कत के बाद विद्युत आपूर्ति बहाल कराया। विद्युत आपूर्ति बहाल होने से गांवों में हर्ष का माहौल है। इस बाबत उप खंड अधिकारी भानु प्रताप सिंह का कहना है विद्युत उपकेंद्र सेमरीजमालपुर के लखनी फीडर से संबद्ध गांवों में ठप चल रही विद्युत आपूर्ति बहाल कर दी गई है।