फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

दुरुस्त किया जा रहा रेलवे परिसर का ड्रेनेज सिस्टम

विज्ञापन
रेलवे परिसर में नाले का निर्माण करते मजदूर। संवाद - फोटो : MAU
विज्ञापन
मऊ। दशकों से रेलवे परिसर में बंद पड़े नालों के कारण उपजी जल निकासी की समस्या अब दूर होने वाली है। रेलवे ने इसके लिए कवायद शुरू की है। 25 लाख रुपये की लागत नाले का निर्माण कराया जा रहा है। इसके बन जाने से रेलवे स्टेशन परिसर में बने 250 से अधिक क्वार्टर से निकलने वाले मलजल के निकासी की समस्या दूर हो जाएगी। रेलवे कॉलोनियों में जल की निकासी के लिए रेलवे खुद का ड्रेनेज सिस्टम बना रहा है। सीवर लाइन के निर्माण का कार्य शुरू हो रहा है। इसके लिेए 25 लाख रुपये से निर्माण कार्य शुरू कर दिया गया है। जल्द ही निर्माण कार्य को पूर्ण कर लिया जाएगा। इससे कालोनी वासियों को गंदे पानी से निजात मिल सकेगी। सहादतपुरा स्थित रेलवे की चार सेक्टरों में बंटे 250 क्वार्टर में गंदे पानी की निकासी को लेकर कई बार लोगों ने अधिकारियों को अवगत कराया था। विभाग की माने तो रेलवे कॉलोनी में बनाया गया ड्रैनेट सिस्टम कई स्थानों पर क्षतिग्रस्त होकर बुरी तरह चोक हो चुका है। इस कारण घरों से निकलने वाला गंदा पानी भवनों के पास ही जमा हो रहा है। इस समस्या को देखते हुए रेलवे ने प्रस्ताव बनाया था जिस पर अब निर्माण कार्य कराया जा रहा है। रेलवे द्वारा कॉलोनी से निकलने वाले गंदे पानी को नगर पालिका की तरह तमसा नदी में बहाया जाएगा। पूर्वोत्तर रेलवे वाराणसी के जनसंपर्क अधिकारी अशोक कुमार ने बताया कि रेलवे परिसर में जल निकासी की समस्या को दूर करने के लिए नाले का निर्माण कराया जा रहा है। यह नाला रेलवे परिसर से निकलकर बालनिकेतन क्रासिंग के पास स्थित नाले से जोड़ा जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें