निर्मल तमसा अभियान के तीसरे दिन अधिकारियों से लेकर जनता और सामाजिक संगठनों से जुड़े लोगों ने भदेसरा से लेकर भीटी ओवरब्रिज तक सफाई की। गुरुवार को गायघाट पर मौजूद हुए टूटे पुल के मलबे के हिस्से को जेसीबी से हटाया गया। ढेकुलिया घाट पर भीड़ जुटी रही। इस दौरान जिलाधिकारी वैभव श्रीवास्तव ने सभी घाटों पर जाकर सफाई अभियान का जायजा लिया। साथ ही कई महत्वपूर्ण दिशा निर्देश दिए।
गुरुवार को नगर क्षेत्र के मड़ईया घाट से गायघाट तक एआरटीओ विभाग, डूडा विभाग के अधिकारी कर्मचारियों सहित पत्रकारों ने नदी में जमा सिल्ट और शैवाल की सफाई की। इस दौरान मंगाई गई जेसीबी मशीन से गायघाट पर मौजूद पुराना पूल के टूटा मलबे के कुछ हिस्से को हटवाया। गायघाट पर मौजूद टूटे पुल के मलबे से नदी का प्रवाह पूरी तरह से रुक गया था।
लेकिन कुछ हिस्सों के हटने से नदी के प्रवाह थोड़ा शुरू हुआ। वहीं, ढेकुलिया घाट पर जिलापूर्ति अधिकारी, नगर पंचायत घोसी के ईओ और कर्मचारी व रोटरीक्लब के सदस्यों ने श्रमदान कर सफाई की। बेलवाघाट पर बीएसए के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश प्राथमिक शिक्षक संघ से जुड़े शिक्षकों ने अपना श्रमदान किया।
वहीं, अन्य घाटों पर अधिकारियों के साथ साथ सफाई कर्मचारियों ने भी श्रमदान किया। सफाई के दौरान जिलाधिकारी वैैैभव श्रीवास्तव ने सभी घाटों का निरीक्षण किया। ढेकुलिया घाट पर टूटे पुल के मलबे को हटाने पर वहां की टीम को जिलाधिकारी ने बधाई दी। उन्होंने कहा कि निश्चित रूप से आने वाले दिनों में सभी की मेहनत रंग लाएगी और तमसा नदी पुन: अपने पुराने स्वरूप में लोगों को दिखेगी।