सत्यापान के नाम पर घूस लेने वाले मुंशी के खिलाफ शुक्रवार को प्रभारी निरीक्षक घोसी कोतवाली ने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई। घूस की वीडियो वायरल होने पर मामले को डीआईजी आजमगढ़ ने संज्ञान में लिया था। उनके हस्तक्षेप पर पुलिस ने शुक्रवार को मुंशी पर भ्रष्टाचार निवारण एक्ट की धारा के तहत रिपोर्ट दर्ज कराई।
मुंशी अरुण यादव घोसी कोतवाली पर तैनात था। क्षेत्र के पकड़ी गांव निवासी संजीव कुमार ने अल्प बचत पत्र बिक्री करने के लिए डाक घर में लाइसेंस के लिए आवेदन किया था। प्रवर डाक अधीक्षक कार्यालय से संजीव कुमार के सत्यापन के लिए कोतवाली पुलिस को पत्र जारी किया गया था। मुंशी अरुण यादव ने संजीव से घूस ली थी। जिसका किसी ने वीडियो बना कर उसे वायरल कर दिया। 13 फरवरी को वायरल हुई वीडियो के बारे में डीआईजी आजमगढ़ मंडल को जानकारी हुई तो उन्होंने घोसी कोतवाल से बात की और वीडियो के आधार पर मुंशी के विरूद्घ थाने में रिपोर्ट दर्ज कराने का आदेश दिया। जिस पर इंस्पेक्टर घोसी ब्रह्मदीन पांडेय ने मुंशी अरुण यादव के खिलाफ थाने में भ्रष्टाचार निवारण एक्ट की धारा के तहत केस दर्ज कराया।
अपर पुलिस अधीक्षक एसके श्रीवास्तव ने बताया कि मुंशी पर केस दर्ज कर उसे लाइन हाजिर कर दिया गया है। कहा कि पुलिस अधीक्षक के अवकाश से वापस लौटने पर संभावना है कि मुंशी को निलंबित कर दिया जाएगा। जांच के बाद आरोपी को पुलिस गिरफ्तार करेगी।