मुहम्मदाबाद गोहना कोतवाली क्षेत्र के रापुर कांधी में हुई इंद्रमणि राजभर की हत्या का खुलासा चार दिन में पुलिस ने कर दिया।पुलिस ने दोनों हत्यारोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। मंगलवार को पुलिस अधीक्षक कार्यालय में एएसपी एसके श्रीवास्तव ने प्रेस वार्ता में इसका खुलासा किया। एएसपी ने बताया कि इंद्रमणि की हत्या जमीनी विवाद में उसके भाई ने ही अपने भानजे के साथ मिल कर किया था। उसकी हत्या गला कसकर की गई थी। एएसपी ने बताया कि होली के अगले दिन यानी 22 मार्च को रामपुर कांघी गांव के प्राथमिक विद्यालय में पाई गई इंद्रमणि राजभर की लाश का पोस्टमार्टम कराया गया तो उसकी हत्या गलाकर कसकर किए जाने की पुष्टि हुई। पुलिस की तीन टीमें गठति हत्यारों की सुरागरसी का प्रयास किया गया। एएसपी ने बताया कि सम्पूर्ण जमीन जायदाद व मकान मृतक इन्द्रमणि के नाम से है।इसमें से इंद्रमणि ने करीब डेढ वर्ष पूर्व 5 विस्वा जमीन प्रमोद यादव को 7 लाख 80,000 रूपये में बेंच दिया था। इसमें सूरज को हिस्सा नहीं दिया था। क्योंकि सूरज मृतक की माँ की नाजायज संतान है। इसी जमीन जायदाद व पैसे के हिस्सेदारी को लेकर कई बार दोनों में कहासुनी व पंचायत हुयी थी। इसमें इंद्रमणि ने सम्पूर्ण जायदाद प्रमोद यादव को बेंच देने को कहा था। इसी से नाराज होकर सूरज ने होली के दिन इटौरा चौबेपुर निवासी अपने भांजे अनिल राजभर के साथ मिलकर अपने भाई को मोटरसाइकिल से बैठाकर कोईरियापार ले गया। वहां से नदवा सराय होते हुए इटौरा चौबेपुर में अपने भाई को ज्यादा शराब पिलाया। इंद्रमणि के नशे में हो जाने पर उसे अपने बाइक पर बीच में बैठाकर प्राइमरी पाठशाला रामपुर कांधी ले गया। वहां पर गमछा से गला दबाकर इन्द्रमणि की हत्या कर लाश को छोड़कर दोनों आरोपी भाग गए। घटना में प्रयुक्त बाइक ,गमछा तथा दो मोबाइल पुलिस ने बरामद किया है।प्रेस वार्ता में सीओ मुहम्मदबाद गोहना राजकुमार भी मौजूद रहे।