मऊ। जिला एवं सत्र न्यायाधीश रामेश्वर ने शादी का झांसा देकर दुष्कर्म करने, नाबालिग लड़की को बहला-फुसलाकर भगाने तथा लोहो के कबाड का सामान हड़पने के अलग-अलग मामलों में नामजद तीन आरोपियों की जमानत अर्जी खारिज कर दी। जिला जज ने यह आदेश बचाव पक्ष और प्रभारी डीजीसी फौजदारी मणि बहादुर सिंह के तर्कों को सुनने तथा केस डायरी का अवलोकन करने के बाद पारित किया। पहला मामला कोपागंज थाना क्षेत्र का है। अभियोजन के अनुसार, आरोपी ने पीड़िता के साथ शादी का झांसा देकर दुष्कर्म किया तथा उसका अश्लील वीडियो बनाकर वायरल करने की धमकी दी और उसे मारता पीटता रहा। आरोपी कोपागंज थाना क्षेत्र के कोटवा कोपड़ा गांव निवासी अविनाश कुमार ने जमानत की अर्जी दी थी। दूसरा मामला चिरैयाकोट थाना क्षेत्र का है। अभियोजन के अनुसार, वादिनी मुकदमा की ननद की 13 वर्षीय लड़की को आरोपी 15 अप्रैल को बहला फुसलाकर भगा ले गया। आरोपी सरायलखंसी थाना क्षेत्र के सरवां गांव निवासी राजू कुमार ने जमानत की अर्जी दी थी। तीसरा मामला हलधरपुर थाना क्षेत्र का है। वादी मुकदमा सोनू चौहान की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज हुई। वादी का कथन है कि उसने लोहे का कबाड़ बिलौझा व उधरन चट्टी से ट्रक पर लदवाया था। जिसका वजन 876 किलो और करीब चार लाख से अधिक थी। आरोप है कि कबाड़ को ट्रक का चालक लेकर फरार हो गया। आरोपी ग्रेटर नोएडा निवासी रहीश खां की ओर से जमानत के लिए अर्जी दी गई थी। जिसे सुनवाई के बाद खारिज कर दिया गया।