मऊ। महात्मा गांधी और लाल बहादुर शास्त्री की जयंती पर सोमवार को सामाजिक कार्यकर्ताओं ने पदयात्रा निकाली। पदयात्रा नगर के मिर्जाहादीपुरा चौक से शुरु होकर औरंगाबाद, संस्कृत पाठशाला ,सदर चौक रौजा, कोतवाली , बाल निकेतन, रोडवेज आजमगढ़ मोड़ ,गाजीपुरा तिराहा होते हुए जिला अस्पताल परिसर में पहुंची। वहां स्व. कल्पनाथ राय की प्रतिमा के समक्ष हुई सभा में वक्ताओं ने बापू और लाल बहादुर शास्त्री के व्यक्तित्व और कृतित्व पर प्रकाश डाला। इस अवसर पर पदयात्रा के संयोजक पूर्व प्रमुख अशोक सिंह सिंहेल ने कहा कि गांधी की सोच को लोग 70 सालों में भुलाना शुरु कर दिया है। लोगों के बदलते तंग नजरिए ने उन्हें दिगभ्रमित कर दिया है। बाजार के सौदागरों ने प्रतीकात्मक स्वरूप महात्मा गांधी के चश्मे को वैश्विक नस्ल का ब्रांड बना दिया है। संचालन कर रहे अवनीश सिंह ने कहा कि बापू के विचारों को आत्मसात करने की जरूरत है। किसान नेता देवप्रकाश राय ने कहा कि महात्मा गांधी सदियों देश के प्रेरणास्रोत रहेंगे और हरित क्रांति के जनक लाल बहादुर शास्त्री अपनी सादगी और ईमानदारी के लिए हमेशा याद किए जाते रहेंगे। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे रामाश्रय राय ने कहा कि यह हमारी जनतांत्रिक जिम्मेदारी है कि हम गांधी और लाल बहादुर शास्त्री को आने वाली पीढ़ी के मानस में जीवंत रखें। कार्यक्रम में श्रीप्रकाश राय, अतुल राय, अखंड सिंह,अरुण सिंह, रमाशंकर चौहान ,अच्छे लाल यादव ,रामू यादव , नंद कुमार यादव ,ओमप्रकाश यादव ,किशुन राम, बनवारी राम , संजय सिंह, नागेंद्र पांडेय, सुशील चौधरी, बालजीत चौहान , सुबास राम , रमेश श्रीवास्तव , जयप्रकाश सिंह, विजय सिंह, यशवंत राव,शिवानंद मद्धेशिया ,उमेश सिंह, बालजीत चौहान , अभिमन्यु सिंह, ज्योतिष सिंह और राजेश मौर्य आदि शामिल रहे।