मऊ। जिला एवं सत्र न्यायाधीश जयश्री आहूजा ने दुराचार और गैर इरादतन हत्या का प्रयास के मामले में दो आरोपियों की जमानत अर्जी खारिज कर दी।
पहला मामला हलधरपुर थाना क्षेत्र का है । वादी मुकदमा की लड़की के साथ आरोपी शादी का झांसा देकर दो वर्ष से शारीरिक शोषण करता रहा । वादनी का आरोप है कि उसकी लड़की के पेट में दो माह का बच्चा भी है। मामले में आरोपी डीह तिलक ठाकुर गांव निवासी पवन बनवासी पुत्र घनश्याम बनवासी की ओर से जमानत के लिए अर्जी दी गई। अर्जी पर बचाव पक्ष और प्रभारी डीजीसी फौजदारी शिवदत्त यादव के तर्कों को सुनने तथा केस डायरी का अवलोकन करने के बाद जिला जज ने आरोपी की जमानत अर्जी खारिज कर दी। दूसरा मामला रानीपुर थाना क्षेत्र का है। खलीलपुर गांव निवासी वादी मुकदमा संजय कुमार दुबे की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज हुई। वादी का आरोप है कि 13 अप्रैल 2018 को उसके गांव के सुरेश, राहुल, धर्मेंद्र यादव आदि मिलकर उसको मार पीट रहे थे। उसे बचाने दिवाकर और राहुल आए तो आरोपी ने उन्हें भी मारे पीटे जिससे दिवाकर दुबे को गंभीर चोटें आई। मामले में आरोपी खलीलपुर गांव निवासी धर्मेंद्र यादव पुत्र जगधारी यादव की ओर से जमानत के लिए अर्जी दी गई। बचाव पक्ष और प्रभारी डीजीसी फौजदारी के तर्कों को सुनने के बाद जिला जज ने जमानत अर्जी खारिज कर दी।