मऊ। किसान मित्र कल्याण समिति के तत्वावधान में किसान मित्रों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर बुधवार को कलेक्ट्रेट परिसर में धरना प्रदर्शन किया। संगठन के जिलाध्यक्ष प्रयाग गौतम ने कहा कि पूर्ववर्ती सरकारों ने किसान मित्रों के साथ सौतेला व्यवहार किया है। योजना के बंद होने से प्रदेश के 53 हजार किसानमित्र बेरोजगार हो गए। कहा कि गत फरवरी माह में भाजपा के राष्ट्रीय किसान मोर्चा के अध्यक्ष ने प्रदेश के भाजपा कार्यालय पर किसान मित्र सम्मेलन में घोषणा किया था कि प्रदेश मेें भाजपा सरकार बनने पर एक महीने के अंदर प्रदेश के 53 हजार किसानमित्रों को बहाल कर दिया जाएगा। लेकिन अभी तक मामले को लटका दिया गया है। अवधनाथ सिंह ने कहा कि सरकार के मंशा के अनुरुप कृषि उत्पादन वर्ष 2022 तक दुगुना करना है, लेकिन किसान मित्र दो वर्ष पहले ही लक्ष्य हासिल करने का संकल्प लिए हैं। कहा कि किसान मित्र योजना बहाल करने के साथ ही किसान मित्रों को सम्मानजनक मानदेय दिया जाए। धरने को जयराम, राजेंद्र कुमार, सोहन राम, दिनेश, राजकुमार भारती, दिनेश कुमार आदि ने संबोधित किया।