गेट नंबर एक पर भी गिर गए थे श्रद्धालु
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि इसी दौरान गेट नंबर-1 पर भी एक व्यक्ति गिर पड़ा। भीड़ के दबाव के कारण अन्य लोग भी गिरते चले गए। इसी दौरान दम घुटने से लोगों की तबीयत बिगड़ गई और भगदड़ की स्थिति उत्पन्न हो गई। पुलिसकर्मी काफी प्रयास रहते और जैसे-तैसे लोगों को बाहर निकाला। इस घटना में नोएडा सेक्टर-99 ग्रीन व्यू एलआईजी अपार्टमेंट निवासी महिला निर्मला देवी (47) व वृंदावन के रुक्मिणी विहार कॉलोनी निवासी 65 वर्षीय राम प्रसाद विश्वकर्मा की मौत हो गई। राम प्रसाद मूल रूप से जबलपुर के रहने वाले थे।
हादसे के वक्त मंदिर में ही मौजूद थे आला अफसर
मची भगदड़ में सात लोग गंभीर रूप से घायल हुए और करीब 50-60 लोग चोटिल हुए। मंदिर में जिस समय हादसा हुआ उस समय डीएम नवनीत सिंह चहल, एसएसपी अभिषेक यादव, नगर आयुक्त अनुनय झा सहित बड़ी संख्या में पुलिस बल मौजूद था। हादसा होते ही पुलिस और निजी सुरक्षाकर्मियों ने बेहोश हो रहे श्रद्धालुओं को मंदिर से निकालना शुरू कर दिया। इस हादसे में घायल हुए श्रद्धालुओं को वृंदावन के रामकृष्ण मिशन, ब्रज हेल्थ केयर और सौ शैय्या अस्पताल भेजा गया।
एक अनुमान के मुताबिक मंगला आरती में एक लाख से अधिक श्रद्धालु मंदिर और मंदिर के बाहर मौजूद थे। घटना की जानकारी होते ही एडीजी राजीव कृष्ण, आईजी निचिकेता झा और कमिश्नर अमित कुमार ने बांकेबिहारी मंदिर के साथ रामकृष्ण मिशन सेवाश्रम में जाकर घायलों का हाल जाना। एडीजी राजीव कृष्ण ने बताया कि इस हादसे के कारणों की जानकारी की जा रही है। एक पुलिस अधिकारी के अपने परिवार के साथ वीआईपी दर्शन कराने के प्रश्न पर कहा कि यह भी जांच का बिंदु है। जांच के बाद दोषी के खिलाफ कार्रवाई होगी।
हादसे में सात श्रद्धालु हुए घायल
- घनश्याम (51) पुत्र छोटे सूरजनगर पनकी कानपुर।
- जयकुमार (29) पुत्र दीपक निवासी मोहन गार्डन, उत्तम नगर दिल्ली।
- राजेंद्र सिंह (61) पुत्र अमर सिंह निवासी कोसीकलां।
- मथुरा सरोज पत्नी रामप्रसाद निवासी वृंदावन रुक्मिणी विहार।
- मनीता (26) निवासी फरीदाबाद, हरियाणा।
- शीतल ( 57) निवासी देहरादून।
- रीना देवी (60) निवासी कोलकाता।