मथुरा। गोवर्धन के मुड़िया मेले में आने वाले लाखों तीर्थ यात्रियों को जंक्शन पर सुरक्षा मुहैया करवाने के लिए आरपीएफ ने अपने 25 कमांडो तैयार कर लिए हैं। शनिवार को अधिकारियों ने उनकी काउंसलिग की और बताया कि किन परिस्थितियों में बल का प्रयोग करना होगा। इन कमांडों को आगरा में पांच दिवसीय ट्रेनिंग दी गई।
मेले के मद्देनजर मथुरा जंक्शन और गोवर्धन स्पेशन पर सर्वाधिक भीड़ का दबाव होगा। इस दौरान किसी भी विषम परिस्थिति से निपटने के लिए आरपीएफ ने 25 कमांडों का चयन किया है। ट्रेनिंग में बताया गया कि उन्हें किस प्रकार से दंगे पर काबू पाना है या फिर प्रदर्शन कर रहे असामाजिक तत्वों और उत्पात कर रहे लोगों पर कैसे नियंत्रण रखना होगा।
आगरा मंडल की पीआरओ प्रशस्ति श्रीवास्तव ने बताया कि आरपीएफ के जवानों को पांच दिन की ट्रेनिंग दी गई है। शांति बनाए रखने के उद्देश्य से जीआरपी तथा आरपीएफ द्वारा प्लेटफार्म पर मौजूद रहने वाले ऐसे लोगों को हटाया जाएगा जो भिखारी है या फिर इस आड़ अप्रिया वारदात को अंजाम दे सकते हैं। जीआरपी निरीक्षक विकास सक्सैना ने बताया कि ऐसे लोगों को जंक्शन से हटा देंगे ताकि यात्रियों को कोई असुविधा न हो।