मथुरा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि हमारी सरकार ने किसी के साथ भेदभाव नहीं होने दिया, शोषण भी किसी गरीब और व्यापारी का नहीं होने दिया। वर्ष 2017 से पहले पार्टी विशेष के लोग तमंचा लेकर घूमते थे, व्यापारियों से वसूली करते थे, आज तमंचा नहीं युवाओं के हाथ में टैबलेट दिए जा रहे हैं। पहले कोई भी व्यक्ति गरीब की झोपड़ी पर कब्जा कर लेता था, आज माफिया किस स्थित में हैं ये देख ही रहे हैं। आज गरीब को ढाई लाख रुपये देकर उसकी झोपड़ी को मकान में तब्दील करवाया जा रहा है। वे बृहस्पतिवार को सेठ बीएन पोद्दार इंटर काॅलेज में भाजपा प्रत्याशियों के पक्ष में चुनावी सभा को संबोधित कर रहे थे।सीएम ने कहा, वर्ष 2017 से पहले व्यापारी और उद्यमी पलायन करते थे, आज प्रदेश में पुराने उद्यम को बढ़ावा और नए उद्योग लगाए जा रहे हैं। निवेश समिट से 35 लाख करोड़ के प्रस्ताव आए हैं। मथुरा के 50 हजार नौजवानों को यहीं नौकरी मिलेगी। पांच साल में हमने जो भी काम किया हैं उसमें किसी के साथ भेदभाव नहीं किया। किसी लाभार्थी का चेहरा नहीं देखा, किसी की जाति नहीं पूछी। मथुरा-वृंदावन नगर निगम सहित यहां के अन्य नगर निकायों में 38403 लोगों काे बगैर भेदभाव के प्रधानमंत्री आवास योजना में घर उपलब्ध कराया है। मथुरा जिले में 41637 निराश्रित महिलाओं को 12 हजार रुपये सालान आर्थिक मदद दी जा रही है। 3123 दिव्यांग और 73755 वृद्धजनोें को भी 12-12 हजार सालाना पेंशन का लाभ मिल रहा है। दीनदयाल आजीविका मिशन के अंतर्गत भी यहां 502 स्वैच्छिक महिला समूह, अमृत मिशन में 357 करोड़ रुपये पेयजल के लिए, स्वच्छ भारत मिशन के अंतर्गत 15276 व्यक्तिगत शौचालय, 1254 सामुदायिक शौचालय के निर्माण मथुरा में कराए हैं। सात नगर पंचायतों ने गोशाला निर्माण को स्वीकृति दी है।
पहले कचरे के ढेर, आज स्मार्ट सिटी
मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले कचरे के ढेर होते थे, आज स्मार्ट सिटी बना रहे हैं। मथुरा-वृंदावन को भी स्टेट स्मार्ट सिटी मिशन में शामिल किया है। ये सब तब संभव हुआ है जब डबल इंजन की सरकार को यहां की जनता ट्रिपल इंजन की सरकार बना रही है। इस दौरान वीरेंद्र अग्रवाल, गोपेश्वरनाथ चतुर्वेदी, डॉ डीपी गोयल, चेतन स्वरूप पाराशर, डॉ रमाकांत पांडेय, शशिभानु गर्ग, कमलेश अरोड़ा, दीपा सिंघल आदि मौजूद रहे।