मथुरा। कार्तिक मास की पूर्णिमा के उपलक्ष्य में कान्हा की नगरी में सोमवार की शाम को भव्य दीपदान हुआ। हजारों दीपों की जगमगाती ज्योति से लगा कि जैसे देवलोक ही कान्हा की नगरी में उतर आया हो। यमुना किनारे विश्राम घाट, स्वामी घाट, बंगाली घाट के साथ विभिन्न मंदिरों और घरों में दीप जलाए गए।
ऐसी मान्यता है कि कार्तिक पूर्णिमा को ही श्रीराम अयोध्या वापस लौटे थे। अत: इस दिन देवताओं ने भी दीए जलाकर खुशियां मनाईं। तभी से इस दिन को देव दिवाली के रूप में मनाते हुए भव्य दीपदान किया जाता है। इसी क्रम में श्री माथुर चतुर्वेदी परिषद ने कार्तिक पूर्णिमा के दिन पुण्यतीर्थ विश्राम घाट पर भव्य दीपदान किया।
सर्वप्रथम मां यमुना के चित्र पर परिषद के पूर्व संरक्षक गोपेश्वर नाथ चतुर्वेदी, उपाध्यक्ष सोमनाथ चतुर्वेदी ने दीप जलाकर किया। महामंत्री राकेश तिवारी एडवोकेट ने माल्यार्पण किया। इसके बाद पुण्यतीर्थ विश्राम घाट पर हजारों दीप जलाए गए। नीरज चतुर्वेदी, अमित चतुर्वेदी, संजय अल्पाइन, संजय मंत्री, राजकुमार आदि मौजूद रहे।
प्राचीन केशवदेव मंदिर में संस्थान अध्यक्ष पं. सोहन लाल शर्मा व सचिव नारायन प्रसाद शर्मा सहित अन्य पदाधिकारियों व महिलाओं ने दीपदान किया। घरों में भी मुख्य द्वार के साथ अंदर भी दीए जलाकर दीपदान किया गया।