जिला जेल एक सप्ताह पहले हुई गैंगवार में जेल में अभी एक पिस्टल और होने को लेकर पुलिस की कवायद जारी है। जेल में गैंगवार के वक्त हुई कैदी की हत्या में तीन पिस्टल का प्रयोग होना बताया जा रहा है।
17 जनवरी को जिला जेल में हुए गैंगवार में आगरा के कैदी अक्षय सोलंकी की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। मामले की जांच में अधिकारियों को बैरक छह के अन्य कैदियों ने बताया है कि जेल में घटना के दौरान तीन पिस्टल लहराई गई थीं।
पुलिस ने एक पिस्टल को मौके पर अक्षय सोलंकी के शव से बरामद किया। एक पिस्टल तलाशी के दौरान राजेश टोंटा गैंग के लारेंस बॉस से बरामद हुई। तीसरी पिस्टल की बरामदगी के लिए पुलिस ने जिला जेल की छत पर भी तलाशी ली लेकिन पिस्टल का आज तक खुलासा नहीं हुआ है।
बंदी रक्षक कैलाश गुप्ता ने भी मावी गैंग के दीपक वर्मा को पिस्टल, रुपयों के साथ 16 कारतूस भी देना बताया था। इसमें दीपक वर्मा के 16 कारतूस, मौके पर मिले खोखे और लारेंस बॉस से मिले कारतूस आदि के हिसाब में मेल नहीं खा रहे हैं। पुलिस की जांच जारी है।