किसान और प्रापर्टी डीलर छीतर सिंह के अपहरण में शामिल एक बदमाश को रिफाइनरी पुलिस और स्वाट टीम ने मुठभेड़ के बाद रेलवे स्टेशन से दबोच लिया। चार अपहरणकर्ता पुलिस को गच्चा देकर भाग निकले। पकड़े गए बदमाश से पुलिस ने 3.11 लाख रुपये और हथियार बरामद किए हैं। छीतर सिंह को नौ दिन पहले ही मुक्त करा लिया गया था।
पुलिस लाइन स्थित सभागार में एसएसपी मोहित गुप्ता ने बताया कि स्वाट टीम और थाना रिफाइनरी पुलिस ने अपहरणकर्ता बलवीर सिंह गुर्जर निवासी आजमपुर (थाना रिफाइनरी) और मूल गांव रजरई, डगबसई (धौलपुर, राजस्थान) को दबोचा है।
इसने अपने साथियों के साथ मिलकर बाद गांव निवासी छीतर सिंह का 18 अक्तूबर को अपहरण कर लिया था। 23 अक्तूबर को पुलिस और स्वाट टीम ने छीतर सिंह को मुक्त करा लिया था, लेकिन अपहरणकर्ता हत्थे नहीं चढ़े। भरत गुर्जर, रघुनाथ और बिरजू (तीनों निवासी ललितापुर, मुरैना ग्वालियर, राकेश शर्मा उर्फ नेता निवासी अंतापाड़ा) मुठभेड़ में भाग खड़े हुए।
एसएसपी ने बताया कि पकड़ा गया बदमाश थाना रिफाइनरी का हिस्ट्रीशीटर है, इस पर एटा, आगरा, भरतपुर और मथुरा में 12 मुकदमे दर्ज हैं। एसएसपी ने पुलिस और स्वाट टीम को पांच हजार रुपये का इनाम दिया है। इस दौरान एसपी (सिटी) अशोक कुमार सिंह मौजूद रहे।
छीतर सिंह के खेत के पास है अपहरणकर्ता का खेत
पकड़े गए अपहरणकर्ता बलवीर और अपहृत छीतर सिंह का खेत बराबर में है। बताया जाता है कि लेनदेन के चलते ही अपहरण किया गया। चर्चा यह है कि आठ लाख की फिरौती लेकर ही अपहृत को मुक्त किया गया था। पकड़ा गया अपहरणकर्ता बलवीर, गैंगवार में मारे गए पौरी निवासी भूरा यादव गैंग का सक्रिय सदस्य है।