अलवर की जिस अरबन कोआपरेटिव बैंक के रिकवरी मैनेजर ने सुइसाइड किया है ये बैंक कई बड़े घोटालों में घिर रही है। बैंक के पांच अधिकारी मौजूदा समय में भी पुलिस की गिरफ्त में बताए जा रहे हैं। कई एजेंसियां पूछताछ कर रही हैं। नोटबंदी के बाद नोट बदलने को लेकर भी ये बैंक चर्चा में रही।
इस बैंक में पंद्रह करोड़ का घपला सामने आया है। जांच भी तब शुरू हुई जब नोटबंदी के बाद नोट बदलने को लेकर शिकायतें की गईं। बड़ी रकम पकड़ी भी गई थी। जब जांच एजेंसियों ने रिकार्ड खंगाले तो परत-दर-परत खुलासा होता चला गया। पंद्रह करोड़ का मामला सामने आया है। इस मामले में पुलिस के साथ कई दूसरी एजेंसियां भी जांच कर रही हैं।
पांच लोग पुलिस हिरासत में हैं। झम्मनलाल से भी पूछताछ की जा चुकी है। माना जा रहा है कि झम्मनलाल भी इसे लेकर तनाव में रहते थे। परिवार वालों का कहना है कि झम्मनलाल का घपले से कोई लेना-देना नहीं था। उन्हें साजिश के तहत फंसाया जा रहा था। वो जब घर से गए थे तब भी बहुत तनाव में दिख रहे थे।
शाम को बाजार से लाए थे तीन कुल्हड़ दूध
झम्मनलाल सोमवार की शाम को बाजार से तीन कुल्हड़ दूध लेकर आए थे। एक कुल्हड़ दूध धर्मशाला कर्मी की पत्नी को दिया जबकि एक कुल्हड़ यहां रहने वाली रिश्ते की बुआ को दिया। एक कुल्हड़ दूध लेकर वो अपने कमरे में चले गए थे। उसके बाद कमरा खुला ही नहीं था।