अडींग निवासी युवक की मौत के बाद भीड़ का आक्रोश यूं ही नहीं पनपा था। थाना गोवर्धन के गांव अडींग के युवक महेंद्र को सेरा पायसा में हुई चोरी के शक में पुलिस ने चार दिन पूर्व उठाया था।
ग्रामीणों ने बताया कि वह युवक के परिजनों के साथ युवक को पुलिस से छुड़ाने के लिए थाने पहुंचे थे और युवक को बेगुनाह भी बताया। लेकिन पुलिसकर्मियों ने उनकी एक न सुनी। पुलिस ने चोरी का जुर्म कबूलवाने के लिए उसकी जमकर पिटाई की। उसे इतनी यातनाएं दी गई कि वह मरणासन्न स्थिति में पहुंच गया।
जब पुलिसकर्मियों ने उसकी हालत गंभीर देखी तो उसे छोड़ दिया, लेकिन युवक की घर पहुंचते ही हालत और अधिक खराब हो गई और उसकी मौत हो गई। यही कारण रहा कि परिजनों के साथ ग्रामीणों में भी आक्रोश उत्पन्न हो गया।
चौकी में तोड़फोड़ के बाद भी नहीं जागी पुलिस
युवक की मौत के बाद अडींग चौकी पर ग्रामीणों ने तोड़फोड़ की। इसके बाद वह शव लेकर गोवर्धन थाने पहुंचे थे। अडींग चौकी पर तोड़फोड़ के बाद भी गोवर्धन पुलिस सावधान नहीं हुई। पुलिस ग्रामीणों की संख्या और उनमें पनप रहे आक्रोश का अंदाजा ही नहीं था। पुलिस ने भीड़ को हटाने के लिए बल का प्रयोग किया तो लोग और भड़क गए। उसने पथराव करना शुरू कर दिया। वहां खड़ी गाड़ियां तोड़ दी और उत्पात मचाया।