बालू से स्नान करते हुए ताराचंद गोस्वामी।
वृंदावन। जुगल घाट पर शुक्रवार को समाजसेवी ताराचंद गोस्वामी ने यमुना के प्रदूषित को लेकर जल के स्थान पर तट की रेती से स्नान कर विरोध प्रदर्शन किया।
ताराचंद गोस्वामी ने स्थानीय प्रशासन पर आरोप लगाते हुए कहा कि यमुना शुद्धिकरण के नाम पर केवल कागजी घोड़े दौड़ाए जा रहे हैं। धरातल पर स्थिति जस की तस है। यमुना में नगर के नाले सीधे गिर रहे हैं, जिससे कालिंदी का स्वरूप काला पड़ता जा रहा है। श्रद्धालुओं की आस्था तब आहत होती है जब उन्हें आचमन के लिए भी स्वच्छ जल नसीब नहीं होता। उन्होंने नगर निगम और जिला प्रशासन से मांग की है कि यमुना की स्वच्छता के लिए धरातल पर ठोस और हितकारी कार्य शुरू किए जाएं। संवाद