मथुरा। विद्युत निगम के अधिकारियों से उलझना एक उपभोक्ता को भारी पड़ गया। एमडी निर्देश पर लखनऊ से जांच को आई टीम भी मामले की लीपापोती कर मंदिरों के दर्शनों में लग गई।
बृज यातायात एवं पर्यावरण जनजागरूकता समिति अध्यक्ष विनोद दीक्षित ने ऊर्जा मंत्री और निगम के एमडी से संयोजन के नाम पर स्थानीय अधिकारियों द्वारा वसूली तथा धमकाने की शिकायत की थी। इस पर एमडी ने टीम का गठन कर मामले की जांच के निर्देश दिए।
टीम सोमवार को मथुरा आई और पीड़ित से मुलाकात की। पीड़ित का आरोप है कि टीम ने उनकी तो एक न सुनी बल्कि मामले की लीपापोती करके चली गई। टीम के जाने के बाद अब अधिकारियों द्वारा दो किलोवाट के स्थान पर उन्हें आठ किलोवाट का कनेक्शन जारी करने की बात कही जा रही है। निगम के उत्पीड़न के खिलाफ पीड़ित जिलाधिकारी एवं एसएसपी से मुलाकात करेंगे।
इधर, निगम के अधिशासी अभियंता कुंवर शर्मा ने बताया कि जिस परिसर पर उपभोक्ता कनेक्शन मांग रहा है भूमि पर पहले जो कनेक्शन था उस पर 70 हजार का बकाया है साथ ही मुकदमा भी दर्ज है। आसपास कोई ट्रांसफार्मर नहीं लगा है, इसलिए आवेदक को ट्रांसफार्मर का शुल्क अदा करना होगा। इसका खर्चे का प्रस्ताव बनाकर दे दिया जाएगा। आवेदक द्वारा जो आरोप लगाए जा रहे हैं वह निराधार हैं।
एसडीओ व जेई पर लगे आरोप की जांच उन्होंने की जांच से वह संतुष्ट नहीं हुए और उनके ऊपर भी आरोप लगा दिए। इसकी शिकायत एमडी से की यहां से भी टीम ने मामले की जांच कर ली। बताया कि आवेदक दबाव बनाकर घरेलू कनेक्शन लेना चाहता है जबकि उसका व्यावसायिक कनेक्शन होना है।