फोटो 31 राजकीय इंजीनियरिंग कॉलेज में पानी की समस्या को लेकर प्रदर्शन करते छात्र। स्रोत सोशल मीड
मैनपुरी। शहर के आगरा रोड स्थित लोकमाता देवी अहिल्याबाई होलकर राजकीय इंजीनियरिंग कॉलेज के छात्र सोमवार को वाटर कूलर और अन्य समस्याओं से परेशान छात्राओं का धैर्य जवाब दे गया। उन्होंने आक्रोश जताते हुए स्वास्थ्य, सुरक्षा एवं शैक्षणिक वातावरण पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ने का आरोप लगाते हुए प्रदर्शन किया। हालांकि विरोध प्रदर्शन के बाद निदेशक ने बाहर से टैंकर मंगाकर छात्रों के लिए पानी की व्यवस्था कराई। प्रदर्शन कर रहे छात्रों का कहना था कि वर्ष 2023 में लगभग 80 लाख रुपये के बजट से कॉलेज परिसर में वाटर प्यूरीफापर लगाए गए थे। कॉलेज के तीनों बॉयज हॉस्टल में 3-3 वाटर कूलर लगाए गए थे। इस समय इनमें एक भी ठीक से कार्य नहीं कर रहा। करीब दो माह से किसी भी हॉस्टल में पीने योग्य स्वच्छ पानी उपलब्ध नहीं मिल रहा है। छात्रों का कहना है कि उन्हें पीने का पानी की व्यवस्था करने के लिए लंबी दूरी तय करनी पड़ती है। लंबी कतारों में लगकर पानी भरना पड़ता है। छात्रों के आक्रोश को देखते हुए कॉलेज में बाहर से ठंडे पानी के टैंकर मंगाए गए इसके बाद छात्रों का आक्रोश शांत हुआ। छात्र कल्याण अधिकारी गौरव वर्मा का कहना है कि बॉयज हॉस्टल का वाटर कूलर खराब है लेकिन एकेडमिक का ठीक है। छात्रों से कहा गया था कि वह मात्र 50 मीटर की दूरी पर स्थित एकेडमिक के वाटर कूलर के पानी ले लें। खराब वाटर कूलर को दो दिन में ठीक करा दिया जाएगा। छात्र कैंपस में ही पानी की मांग करते हुए प्रदर्शन करने लगे। उनकी मांग पर बाहर से टैंकर मंगाए गए। भोजन, सुरक्षा आदि के आरोप निराधार हैं।