मैनपुरी। बिछवां क्षेत्र में नौ साल पहले किशोरी से छेड़छाड़ के मामले में न्यायालय ने फैसला सुनाया है। स्पेशल जज पॉक्सो एक्ट के न्यायाधीश ने दो सगे भाइयों सहित तीन आरोपितों को सात साल की सजा दी है। दोषियों पर 39 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। वहीं, सतेंद्र और विजय को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया गया। 21 जून 2018 को बिछवां क्षेत्र के एक गांव में एक किशोरी खेत में भूसा लेने गई थी। तभी नगला खेड़ा निवासी जितेंद्र, उसके भाई सत्यवीर, सतेंद्र, सुनील और विजय ने घेर लिया। आरोपितों ने किशोरी के साथ छेड़खानी की और विरोध करने पर जान से मारने की धमकी दी। किशोरी के पिता की तहरीर पर पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर आरोपपत्र न्यायालय भेजा था। मामले की सुनवाई स्पेशल जज पॉक्सो एक्ट के न्यायालय में हुई। विशेष लोक अभियोजक ने पैरवी की। उन्होंने वादी, पीड़िता और विवेचक सहित अन्य गवाहों की गवाही कराई। न्यायाधीश जहेंद्रपाल सिंह ने जितेंद्र, सत्यवीर और सुनील कुमार को दोषी पाया। न्यायालय ने तीनों को सात साल की सजा और 39 हजार रुपये का जुर्माना लगाया।