थाना महोबकंठ के एक गांव से एक पखवारे पहले अगवा की गई किशोरी को पुलिस बरामद नही कर सकी। आरोपी को न पकड़े जाने से पीड़ित परिवार का विश्वास पुलिस से उठ गया तो वे खुद ही किशोरी व आरोपी की तलाश में जुट गए। दिल्ली से किशोरी को बरामद कर परिजन आरोपी को भी साथ ले आए और पुलिस को सौंप दिया। परिजनों का आरोप है कि पुलिस ने
मनमाने तरीके से किशोरी की उम्र 19 वर्ष अंकित कर मुकदमा दर्ज किया, जबकि मार्कशीट व आधार कार्ड में किशोरी की उम्र 16 वर्ष है। कोतवाली क्षेत्र के ग्राम पसवारा निवासी एक किशोरी अपने मामा के यहां थाना महोबकंठ के एक गांव गई थी। आरोप है कि 24 जुलाई को देशराज नामक युवक किशोरी को अगवा कर ले गया। तीन दिन तक तलाश करने के बाद
किशोरी का कही कोई सुराग नही लगा। तब परिजनों ने थाना महोबकंठ पहुंच घटना की नामजद तहरीर सौंपी। पुलिस किशोरी को नहीं तलाश पाई तो परिजनों ने स्वयं तलाश शुरू की और दिल्ली से किशोरी को बरामद कर आरोपी को पुलिस को सौंपा। शनिवार को पुलिस ने किशोरी को डाक्टरी परीक्षण के लिए जिला अस्पताल भेजा। थानाध्यक्ष सुरेंद्र सिंह यादव का कहना है कि किशोरी व आरोपी युवक को घुटई स्टेशन से बरामद किया गया है। उन्होंने परिजनों का आरोप खारिज करते हुए कहा कि लड़की के बयान दर्ज होने के बाद अगली कार्रवाई की जाएगी।