फास्ट ट्रैक कोर्ट ने दो साल पुराने हत्या के मामले में दोषी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही, 10 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
थाना पनवाड़ी के ग्राम नेकपुरा निवासी संदीप पुत्र देवकरन 29 जून 2015 को रात करीब 9 बजे अपने घर के दरवाजे पर बैठा था।
तभी गांव का ही कालका पुत्र गयाप्रसाद लाइसेंसी बंदूक लेकर निकला। संदीप ने कालका से उधार दिए गए 18 हजार रुपये मांगे तो कालका ने गाली गलौज शुरू कर दी। विरोध करने पर कालका ने संदीप को लाइसेंसी बंदूक से गोली मारकर हत्या कर दी थी घटना की रिपोर्ट मृतक के भाई प्रदीप ने थाना पनवाड़ी में दर्ज कराई थी।
फास्ट ट्रैक कोर्ट 2016 में चल रहे इस मुकदमे में न्यायाधीश रामकुशल ने दोनों पक्षों के गवाह और बहस सुनने के बाद कालका को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही 10 हजार रुपये का जुर्माना ठोका। जुर्माना अदा न करने पर दो माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी पड़ेगी। मुकदमे की पैरवी सरकार पक्ष की ओर से शासकीय अधिवक्ता प्रमोद पालीवाल ने की। अदालत ने आरोपी को पुलिस हिरासत में जेल भेज दिया।