पुलिस ने बदमाशों को गिरफ्तार किया।
थाना श्रीनगर के बिलरही गांव में गोद भराई व तिलक होने के बाद दहेज की मांग पर दूल्हे के पिता और परिवारीजनों को बंधक बना लिया। वधू पक्ष के लोग तिलक में दिए गए पैसे व खर्च के वापसी की मांग करने लगे। पुलिस ने दोनों पक्षाें में राजीनामा करकर शादी कैंसिल कर दी गई।
बिलरही गांव निवासी मंगी यादव ने अपनी पुत्री क्रांति की शादी कोतवाली चरखारी के जादौन गांव निवासी लालता प्रसाद के पुत्र दिलीप के साथ तय की थी। 28 अप्रैल को वर पक्ष के लोग गोद भराई की रस्म करने गए थे। इसके बाद वधू पक्ष के लोग 15 मई को तिलक में नगदी व अन्य सामान दे आए थे। शादी 2018 में करने की बात तय हुई थी, लेकिन तिलक में मांग के अनुसार पैसा व बाइक न देने पर वर पक्ष के लोग दबाव बनाने लगे। इससे नाराज वधू पक्ष के लोगों ने शादी से इंकार कर दिया। उन्होंने तिलक में दिए पैसे व सामान वापस करने की मांग की।
शुक्रवार को पंचायत में दूल्हे का पिता लालता प्रसाद व परिवार के लोग वधु पक्ष के घर पहुंच,े लेकिन पंचायत में कोई निष्कर्ष नहीं निकाला। इससे वधूपक्ष के लोगों ने वर पक्ष से आए परिजनों को बंधक बना लिया और नगदी व सामान वापस करने के बाद ही छोड़ने की बात कही। थानाध्यक्ष श्रीनगर ने दोनों पक्षों में राजीनामा कराकर शादी कैंसिल करा दी।